Som Pradosh Vrat पर सुनें यह चमत्कारी कथा, Lord Shiva के Blessings से दूर होगी हर दरिद्रता

By दिव्यांशी भदौरिया | Mar 16, 2026

आज यानी 16 मार्च को सोम प्रदोष व्रत रखा जा रहा है। सोमवार के दिन प्रदोष व्रत की तिथि पड़ना सोम प्रदोष कहा जाता है। प्रदोष व्रत भगवान शिव को समर्पित है और सोमवार का दिन भगवान शंकर का है। प्रदोष तिथि भगवान शिव और माता पार्वती की कृपा पाने के लिए सबसे शुभ समय है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, जब यह दोनों संयोग एक साछ मिलते हैं, तो उसे सोम प्रदोष कहा जाता है। धार्मिक ग्रंथों के मुताबिक, प्रदोष व्रत की पौराणिक कथा सुने या पढ़े बिना, इसके बिना पूजा अधूरी मानी जाती है। यदि आप चाहते हैं कि आपकी पूजा पूरी हो, तो इस दिन प्रदोष काल के दौरान सच्ची श्रद्धा के साथ यह कथा जरुर पढ़े या सुनें।

सोम प्रदोष व्रत की पौराणिक कथा 

एक समय की बात है, एक नगर में एक बहुत गरीब ब्राह्मणी रहती थी। वह अपने बच्चों के साथ भीख मांगकर गुजारा करती थी। एक बार उसे नदी किनारे एक घायल बालक मिला, जो विदर्भ देश का राजकुमार था। शत्रुओं ने उसके माता-पिता को मारकर उसका राज्य छीन लिया था। ब्राह्मणी उस राजकुमार को भी अपने घर ले आई और अपने बेटे की तरह पालने लगी। कुछ समय बाद, दोनों बालक वन में खेल रहे थे, जहां उनकी मुलाकात शांडिल्य ऋषि से हुई। ऋषि ने ब्राह्मणी और दोनों बालकों को सोम प्रदोष व्रत रखने और उसकी कथा सुनने की विधि बताई। ऋषि की आज्ञा मानकर ब्राह्मणी और बालकों ने पूरी निष्ठा से सोम प्रदोष का व्रत रखना और कथा सुनना शुरू किया। कुछ समय बाद, बड़ा होने पर राजकुमार की मुलाकात गंधर्व कन्या अंशुमती से हुई। राजकुमार और अंशुमती को एक-दूसरे से प्रेम हो गया।

जब गंधर्व राज को पता चला कि यह विदर्भ का असली राजकुमार है, तो उन्होंने अपनी पुत्री का विवाह उससे कर दिया। विवाह के बाद, राजकुमार ने गंधर्व सेना की मदद से अपना खोया हुआ राज्य वापस पा लिया। राजकुमार ने उस ब्राह्मणी और उसके बेटे को राजमहल में सम्मानपूर्वक स्थान दिया। सोम प्रदोष व्रत और कथा के प्रभाव से राजकुमार को उसका राज्य मिला और ब्राह्मणी की गरीबी हमेशा के लिए दूर हो गई।

कथा पाठ के लाभ

जैसा कि भगवान शिव ने उस ब्राह्मणी और राजकुमार के सारे कष्ट दूर किए, वैसे ही सोम प्रदोष व्रत की कथा सुनने से ही भक्तों के सभी दुखों और दरिद्रता का नाश होता है। इसके साथ ही भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त होता है। 

प्रमुख खबरें

Madhumalti में फूलों से भर जाएगा गमला, आजमाएं 10 रुपये वाला यह असरदार Gardening Secret

खतरनाक राजनीति कर रहे Rahul Gandhi की खुली पोल ! Delhi University के आंकड़ों ने दिखाया कांग्रेस नेता को आईना

इजरायल ने लड़ाकू विमान से क्यों गिराएं हजारों कागज? भारत भी रह गया हैरान!

चित्तरंजन दास से लेकर PM मोदी तक: 10 लाख लोगों ने ऐतिहासिक ब्रिगेड मैदान में आकर नोतुन बांग्ला की क्रांति का बिगुल बजा दिया?