By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 16, 2026
दक्षिण-पश्चिम मानसून के उत्तर प्रदेश से जल्द ही विदा होने की संभावना के बीच राज्य मौसम विभाग ने 22 सितंबर से प्रदेश में मौसम शुष्क होने की उम्मीद जतायी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अधिकारियों के मुताबिक सौराष्ट्र और उससे सटे उत्तर-पूर्वी अरब सागर से शुरू होकर बीकानेर, चूरू, बरेली, गोरखपुर, पटना, रांची और कोलकाता होते हुए उत्तर-पूर्वी बंगाल की खाड़ी तक फैला कम दबाव वाला क्षेत्र अभी राज्य के मौसम को प्रभावित कर रहा है। उन्होंने बताया कि इसके असर से अरब सागर से आई नमी के कारण बुधवार को उत्तर प्रदेश के पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में कुछ जगहों पर गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हुई।
एक जून से 16 सितंबर तक राज्य में 669.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि सामान्य बारिश 698.1 मिलीमीटर है। इस अवधि में बारिश सामान्य से चार प्रतिशत कम रही। पूर्वी उत्तर प्रदेश में बुधवार को 1.6 मिमी बारिश हुई, जो सामान्य 6.6 मिमी से 76 प्रतिशत कम है।
इस मानसून सत्र में यहां 670 मिमी बारिश हुई, जबकि सामान्य बारिश 740.9 मिमी है यानी बारिश 10 प्रतिशत कम रही। वहीं, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बुधवार को दो मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि सामान्य बारिश 5.2 मिलीमीटर है। मानसून सत्र में पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुल 668.3 मिलीमीटर बारिश हुई, जो सामान्य 638.1 मिलीमीटर से पांच प्रतिशत अधिक है।
इस बीच, बुधवार को प्रयागराज (29.9 मिमी), कानपुर और हमीरपुर (19.0 मिमी), चुर्क (5.6 मिमी) और बहराइच (3.2 मिमी) में अच्छी-खासी बारिश दर्ज की गयी। लखनऊ में बुधवार को अधिकतम तापमान 34.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 1.2 डिग्री ज़्यादा था, जबकि न्यूनतम तापमान 26.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 1.7 डिग्री ज़्यादा था। मौसम विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक राज्य में सबसे ज्यादा 36 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान बाराबंकी और आगरा में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम 22.5 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान नजीबाबाद में दर्ज किया गया।