By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 14, 2026
उच्चतम न्यायालय ने पिछले साल करूर में हुई भगदड़ में मारे गए लोगों के परिजनों को सरकारी नौकरी देने संबंधी तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के आदेश को रद्द करने वाले मद्रास उच्च न्यायालय के फैसले पर शुक्रवार को रोक लगा दी। मुख्यमंत्री विजय ने 10 जुलाई को उन 31 लोगों को नियुक्ति पत्र दिए थे, जिनके परिजनों की 27 सितंबर 2025 को करूर में हुई भगदड़ में मौत हो गई थी। विजय की रैली के दौरान हुई इस भगदड़ में 41 लोगों की मौत हो गई थी और 60 से अधिक लोग घायल हुए थे।
उच्च न्यायालय ने कहा था कि इससे ऐसी मांगों की बाढ़ आ जाएगी। उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति सी. वी. कार्तिकेयन और न्यायमूर्ति आर. शक्तिवेल की खंडपीठ ने कहा था कि सरकारी विभागों में अनुकंपा के आधार पर नियुक्ति का इंतजार कर रहे कई लोगों की जरूरतों को नजरअंदाज करना उचित नहीं है। उच्च न्यायालय ने कहा था कि कार्यकारी शक्तियों का इस्तेमाल संवैधानिक सीमाओं के भीतर किया जाना चाहिए।