चम्बल की तस्वीर बदलेगा चम्बल एक्सप्रेस-वे, मध्य प्रदेश सरकार का है ड्रीम प्रोजेक्ट

By दिनेश शुक्ल | Jul 04, 2020

भोपाल। चंबल एक्सप्रेस-वे को लेकर शनिवार को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केन्द्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से चर्चा की। इस दौरान जाएगा। केन्द्रीय ग्रामीण विकास, पंचायती राज और कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री  नरेन्द्र सिंह तोमर और राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया भी वीडियो कान्फ्रेंसिंग में शामिल रहे। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि चंबल एक्सप्रेस-वे के बनने से प्रदेश के बीहड़ एवं पिछड़े क्षेत्र को औद्योगिक सेक्टर के रूप में विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वे इस प्रोजेक्ट को 'चम्बल एक्सप्रेस-वे' नहीं 'चम्बल प्रोग्रेस-वे' के रूप में देखते हैं। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि यह सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट है। इसमें भारतमाला के अंतर्गत मात्र 50 प्रतिशत भूमि नि:शुल्क उपलब्ध कराने का प्रावधान है। मध्य प्रदेश सरकार इस ड्रीम प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 421 करोड़ की 100 प्रतिशत भूमि नि:शुल्क उपलब्ध करा रही है। इसके अलावा प्रदेश सरकार आर्थिक सहयोग के रूप में मिट्टी एवं मुरम की रायल्टी के रूप में 330 करोड़ प्रदान करेगा और वन भूमि की अनुमतियों पर होने वाले व्यय के रूप में 30 करोड़ का व्यय भी स्वयं वहन करेगा। इस प्रकार राज्य शासन 781 करोड़ का सहयोग प्रदान करेगा।

वीडियो कान्फ्रेंस में राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने चम्बल एक्सप्रेस-वे को भिण्ड-कोटा रेल्वे लाइन के साथ-साथ बनाने का सुझाव दिया। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि चम्बल एक्सप्रेस-वे के लिए हमारे पास 52 प्रतिशत सरकारी जमीन उपलब्ध है। इस प्रोजेक्ट के लिए शेष 48 प्रतिशत भूमि अदला-बदली मॉडल के तहत उपलब्ध करायी जायेगी। एलाइनमेंट होते ही यह जमीन निर्माण कार्य के लिए सौंप दी जायेगी। वीडियो कान्फ्रेंस में मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

इसे भी पढ़ें: एमपी बोर्ड ने 10वीं का परीक्षा परिणाम किया घोषित, 15 विद्यार्थीयों के रहे शत प्रतिशत अंक

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का सपना चम्बल एक्सप्रेस-वे से चंबल क्षेत्र की तस्वीर बदलने का है। मुख्यमंत्री ने प्रोजेक्ट की समीक्षा के दौरान कहा कि वे चाहते हैं कि यह प्रोग्रेस-वे पूरे चम्बल के लिए अवसर में बदले। दिल्ली जैसे महानगरों से उद्योगपति चंबल का रूख करें, इसलिए प्रयास होगा कि कम से कम समय में मुरैना पहुँचा जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्योगपति यहाँ आए और उद्योग लगाएं। उन्होंने कहा कि हम उद्योगों के लिए विशेष पैकेज देंगे। स्पेशल इकॉनामिक जोन बनाने के लिए भारत सरकार से पहल करेंगे। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि एक ऐसा कॉरीडोर बनाएंगे जिसमें रक्षा, खाद्य प्रसंस्करण, भारी उद्योग, वेयर हाउसिंग, लॉजिस्टिक एवं ट्रांसपोर्ट क्षेत्र के लिए अधोसंरचना का विकास होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि सचमुच में यह प्रोगेस-वे चंबल संभाग के विकास में मील का पत्थर साबित होगा। तस्वीर बदलेगी। उन्होंने कहा कि मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक हाई पावर कमेटी बनाई है, जिससे कार्यों में कोई देरी न हो।

प्रमुख खबरें

IPL Update: Ashwin ने CSK के Coach के लिए लिया Eoin Morgan का नाम, MS Dhoni तय करेंगे भविष्य की रणनीति

WTC Final की रेस में पिछड़ा India तो Gautam Gambhir पर उठे सवाल, बचाव में उतरे Amit Mishra ने मांगा थोड़ा और समय

Hardik Pandya MI Exit? खराब प्रदर्शन के बाद IPL Trade Market में भारी डिमांड, KKR बना सबसे बड़ा दावेदार

Gold Prices में गिरावट: US Inflation और Interest Rates के संकेतों ने बढ़ाई निवेशकों की धड़कन