By अभिनय आकाश | Oct 13, 2026
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अचानक इस्लाम और मुस्लिमों पर जुबानी हमले तेज कर दिए हैं। डोनाल्ड ट्रंप ने अचानक मुस्लिमों के खिलाफ बयानबाजी की झड़ियां लगा दी हैं। किसी को समझ नहीं आ रहा कि डोनाल्ड ट्रंप चाहते क्या हैं। डोनाल्ड ट्रंप की वजह से ही आज शिया और सुन्नी देश आपस में लड़ रहे हैं। हुती विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर 10 साल में सबसे बड़ा हमला कर दिया है। यहां तक कि डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिकी सेना में काम कर चुके एक मुस्लिम सैनिक को गोली मारकर उसे मौत की सजा देने और उसके लाइव प्रसारण के आदेश तक दे दिए हैं। डोनाल्ड ट्रंप की इन हरकतों की वजह से सबसे ज्यादा दुविधा में पाकिस्तान और भारत के कुछ कट्टरपंथी हैं। पाकिस्तान और भारत के यह लोग समझ ही नहीं पा रहे कि डोनाल्ड ट्रंप की तारीफ करें या डोनाल्ड ट्रंप को भला-बुरा कहें। दरअसल डॉनल्ड ट्रंप सरकार की नीतियों के चलते इस वक्त भारत और अमेरिका के संबंध भी बेहद खराब हैं।
दरअसल अमेरिका में मिड टर्म चुनाव होने वाले हैं। 3 नवंबर को वोटिंग है। इसी कड़ी में डॉनल्ड ट्रंप ने अमेरिकी शहर मिशिगन में डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार अब्दुल अल सैयद को कट्टर जिहादी बोल दिया है। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अब्दुल कट्टरपंथी होने के साथ-साथ एक वामपंथी भी है। वो यहूदियों से नफरत करता है। डॉन्ड ट्रंप ने कहा कि मेरे हिसाब से वह एक कट्टर जिहादी है। मैं नहीं चाहता कि मिशिगन जैसे शहर से कोई कट्टर जिहादी सांसद जीते। ट्रंप से ऐसे बयान सुनकर मुस्लिम दुविधा में फंस जाते हैं। वो समझ ही नहीं पाते कि डॉनल्ड ट्रंप की तारीफ करें या उन्हें गालियां दें।