जी हां, मैं हूं तानाशाह, दुनिया को इसकी जरूरत, दावोस में ट्रंप का सनसनीखेज कबूलनामा

By अभिनय आकाश | Jan 22, 2026

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने स्विट्जरलैंड में आयोजित विश्व आर्थिक मंच में अपने नेतृत्व शैली और नीतिगत दृष्टिकोण का बचाव करते हुए खुद को तानाशाह बताया। स्विट्जरलैंड के पहाड़ी रिसॉर्ट दावोस में बोलते हुए, ट्रम्प ने अपने भाषण पर मिली प्रतिक्रिया पर विचार व्यक्त किया और इसे अप्रत्याशित रूप से अनुकूल प्रतिक्रिया बताते हुए आश्चर्य व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि हमारा भाषण अच्छा था। हमें शानदार प्रतिक्रिया मिली। मुझे विश्वास नहीं हो रहा। ट्रंप ने आगे कहा कि उस भाषण की हमें अच्छी प्रतिक्रिया मिली। आमतौर पर लोग कहते हैं कि वह एक भयानक तानाशाह जैसा व्यक्ति है। इसी समय ट्रंप ने सीधे उस लेबल को स्वीकार कर लिया। उन्होंने कहा कि हां मैं एक तानाशाह हूं।  फिर तुरंत अपनी बात को स्पष्ट करते हुए कहा लेकिन कभी-कभी तानाशाह की ज़रूरत होती है।

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अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने 70 मिनट लंबे भाषण में कहा कि ग्रीनलैंड और डेनमार्क के लोगों के लिए मेरे मन में बहुत सम्मान है, तथा ग्रीनलैंड की रक्षा केवल अमेरिका ही कर सकता है। उन्होंने शुल्क, पर्यावरण और आव्रजन सहित कई मुद्दों पर उत्तरी अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) सहयोगियों पर तीखा हमला किया। उनके भाषण के बाद 20 मिनट का प्रश्नोत्तर सत्र हुआ। ट्रंप ने ग्रीनलैंड पर अपना दावा जताते हुए कहा कि हमने खूबसूरत डेनमार्क के लिए लड़ाई लड़ी, जो एक भूमि नहीं, बल्कि हिमखंड का एक बड़ा टुकड़ा है, जो ठंडे और दुर्गम स्थान पर स्थित है। यह उस चीज की तुलना में बहुत छोटी मांग है जो हमने उन्हें कई दशकों तक दी है। इसे वापस देना हमारी मूर्खता थी। उन्होंने कहा कि लोगों को लगा कि मैं बल प्रयोग करूंगा। मुझे बल प्रयोग करने की आवश्यकता नहीं है। मैं बल प्रयोग नहीं करूंगा।

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राष्ट्रपति ने अमेरिका की आर्थिक शक्ति और वैश्विक समृद्धि पर भी बात करते हुए कहा कि अमेरिका इस ग्रह का आर्थिक इंजन है। हम प्रतिभाशाली लोगों की रक्षा करना चाहते हैं क्योंकि ऐसे लोग बहुत कम हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका को शुल्क से जो पैसा मिल रहा है, उसका उपयोग देश और उसके लोगों के हित में विवेकपूर्ण तरीके से किया जा रहा है। ट्रंप ने दावा किया कि जब अमेरिका आर्थिक रूप से फलता-फूलता है, तो पूरी दुनिया आर्थिक रूप से फलती-फूलती है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि देश अगले छह महीनों में उतना पैसा कमाएगा जितना उसने छह वर्षों में कमाया था। ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी उन्हें चुनकर बहुत खुश हैं। उन्होंने कहा कि दो साल पहले हम एक मृत देश थे, लेकिन अब हम फिर से जीवित हो गए हैं।

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