By नीरज कुमार दुबे | Sep 23, 2022
एनआईए तथा अन्य एजेंसियों द्वारा देश भर में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के कार्यालयों और उसके प्रमुखों से जुड़े परिसरों पर छापे मारे जाने के विरोध में पीएफआई की ओर से आज केरल में राज्यव्यापी बंद का आह्वान किया गया है। इस बंद के दौरान कड़ी सुरक्षा के बावजूद पीएफआई के कार्यकर्ताओं की ओर से हिंसा की घटनाएं की गयी हैं। इस बीच एक और विवाद कांग्रेस ने खड़ा कर दिया है। दरअसल इस समय कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा केरल के दौरे पर है। कांग्रेस पार्टी की ओर से ट्वीट किया गया है कि आज हम आराम करेंगे और भारत को नफरत से बचाने तथा लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए कल से त्रिशूर से फिर अपनी लड़ाई शुरू करेंगे। कांग्रेस के इस ट्वीट पर पलटवार करते हुए भाजपा नेता कपिल मिश्रा ने कहा है कि PFI और इस्लामिक जिहादी संगठनों ने आज हड़ताल का आह्वान किया और कांग्रेस ने आज अपनी पद यात्रा रोक दी। इससे घटिया और शर्मनाक कुछ नहीं हो सकता।
हम आपको बता दें कि पीएफआई ने गुरुवार को कहा था कि आरएसएस के नियंत्रण वाली फासीवादी सरकार द्वारा केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर विरोधियों को चुप कराने के प्रयासों के खिलाफ शुक्रवार को राज्यभर में हड़ताल की जाएगी। पीएफआई के राज्य महासचिव ए अब्दुल सत्तार ने एक बयान जारी कर बताया था कि हड़ताल सुबह छह बजे से शाम छह बजे तक होगी। इससे पहले, पीएफआई के कार्यकर्ताओं ने बृहस्पतिवार को उन जगहों पर मार्च निकाला था, जहां छापे मारे गए थे। उन्होंने केंद्र सरकार और उसकी जांच एजेंसियों के खिलाफ नारेबाजी भी की थी। हालांकि, सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के इरादे से ऐसे सभी स्थानों पर केंद्रीय बलों को पहले से ही तैनात किया गया था।
हम आपको बता दें कि एनआईए के नेतृत्व में कई एजेंसियों ने देश में आतंकी गतिविधियों को समर्थन देने के आरोप में बृहस्पतिवार को 15 राज्यों में 93 स्थानों पर एक साथ छापेमारी कर पीएफआई के 106 पदाधिकारियों को गिरफ्तार किया था। अधिकारियों ने बताया था कि केरल में, जहां पीएफआई के कुछ मजबूत गढ़ हैं, सबसे ज्यादा 22 गिरफ्तारियां की गईं। गिरफ्तार किए गए लोगों में पीएफआई की केरल इकाई के अध्यक्ष सीपी मोहम्मद बशीर, राष्ट्रीय अध्यक्ष ओएमए सलाम, राष्ट्रीय सचिव नसरुद्दीन एलमारम, पूर्व अध्यक्ष ई अबूबकर और अन्य शामिल हैं।
उधर, सरकारी बस सेवा केएसआरटीसी ने कहा है कि वह बसों का संचालन जारी रखेगी। परिवहन निगम ने कहा कि जरूरत पड़ने पर अस्पतालों, हवाई अड्डे तथा रेलवे स्टेशनों तक पहुंचने के लिए विशेष सेवा संचालित की जाएगी। परिवहन निगम ने कहा कि अगर जरूरी हुआ तो पुलिस सुरक्षा की भी मांग की जाएगी।