By अभिनय आकाश | Oct 14, 2026
रूस में लगी आग ने अचानक पूरी दुनिया का ध्यान भारत की तरफ खींच दिया है। यह आग भारत के सबसे अच्छे मित्र देश रूस में लगी है। लेकिन इसी आग का फायदा पुतिन को मिला और ताकत पीएम मोदी को। बहरहाल अब सवाल यह है कि आखिर इस आग में ऐसा क्या है कि पूरी दुनिया पीएम मोदी और पुतिन के सामने झुक गई है? इस बड़े और पेचीदा सवाल का जवाब अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने खुद दे दिया है। अमेरिका ने भारत और रूस पर बहुत बड़े बयान दिए हैं। दरअसल यह आग यूक्रेन के हमले के बाद रूस की ऑयल रिफाइनरी में लगी है। यूक्रेन पिछले कई महीनों से लगातार रूस की ऑयल रिफाइनरीज पर ड्रोन से हमले कर रहा है। जिसकी वजह से रूस की डीजल उत्पादन क्षमता में लगभग 30 से 40% की गिरावट आ गई है। अभी तक तो अमेरिका भी यह देखकर हंस रहा था। लेकिन अचानक दुनिया में डीजल सप्लाई कम होने की वजह से सबसे बुरा असर भी अमेरिका पर पड़ गया। दुनिया में डीजल सप्लाई काफी कम हो गई है। रूस की रिफाइनरीज जल रही है तो दूसरी तरफ सऊदी अरब पिट रहा है। इसी बवाल के बीच अमेरिका में 3 नवंबर को मिड टर्म चुनावों के लिए वोटिंग होनी है। इसी वोटिंग से पहले अमेरिका में डीजल की कीमतें अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गई हैं।
इस आग का फायदा भारत को क्या हुआ है। ऑयल रिफाइनरीज ठप होने के बाद रूस अपने ही कच्चे तेल को रिफाइन करके डीजल नहीं बना पा रहा। ऑयल रिफाइनरीज ठप होने के बाद रूस दुनिया को डीजल नहीं बेच पा रहा है। ऐसे में यह काम भारत की रिफाइनरीज ने शुरू कर दिया। आज भारत रूस को तो डीजल दे ही रहा है। लेकिन भारत पहली बार अमेरिका को पछाड़ते हुए यूरोप का भी सबसे बड़ा डीजल सप्लायर बन गया है। इसी को देखते हुए अमेरिका ने भारत पर बहुत बड़ा ऐलान किया है। अमेरिकी विदेश मंत्री भारत के दौरे पर आ रहे हैं और वह गुजरात के शहर जामनगर जाएंगे। आपको बता दें कि भारत की सबसे बड़ी ऑयल रिफाइनरीज जामनगर में ही हैं। जामनगर से ही भारत पूरी दुनिया को डीजल और पेट्रोल सप्लाई कर रहा है। यानी आग रूस में लगी। फायदा पुतिन को मिला और ताकत भारत को।