Chai Par Sameeksha: Rahul Gandhi के नेतृत्व में कैसा होगा Mamata, Thackeray, Sharad Pawar का भविष्य

By अंकित सिंह | Jun 23, 2026

प्रभासाक्षी के साप्ताहिक कार्यक्रम चाय पर समीक्षा में इस सप्ताह हमने अलग-अलग राजनीतिक विषयों पर चर्चा की। हमने राज्यसभा और विधान परिषद चुनाव के नतीजे पर भी प्रभासाक्षी के संपादक नीरज कुमार दुबे से बातचीत की है। इसके अलावा तृणमूल कांग्रेस और शिवसेना यूबीटी में मची में उथल-पुथल पर भी नीरज दुबे से सवाल पूछे। नीरज दुबे ने मोदी सरकार के मिशन 360 प्लस पर ध्यान दिलाते हुए कहा कि हमने देखा कि कैसे बजट सत्र के दौरान सरकार का बिल गिर गया था। लेकिन उसे सरकार ने अपने दिल पर ले लिया था और यही कारण है कि अब मानसून सत्र या उससे पहले जो बिल गिरा था, उसको सरकार हर हाल में पास कराने की तैयारी में है और यही कारण है कि अलग-अलग पार्टियों में सांसदों को लेकर भगदड़ मची हुई है। 

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वहीं, ओमप्रकाश राजभर के दावों से जुड़े सवाल पर नीरज दुबे ने कहा कि मुझे नहीं लगता कि समाजवादी पार्टी में किसी भी प्रकार की टूट चुनाव से पहले होने जा रही है। उत्तर प्रदेश में 2027 की शुरुआत में चुनाव होने हैं। अगर चुनाव में समाजवादी पार्टी की हार होती है उसके बाद सपा में टूट की संभावना बन सकती है। लेकिन अभी इसकी संभावना बेहद कम है। कई सपा के सांसद और विधायक ऐसे हैं जो अपने करीबियों को टिकट दिलवाना चाहते हैं। ऐसे में वह फिलहाल किसी भी कीमत पर टूटने को तैयार नहीं होंगे। हां, यह कहा जा सकता है कि समाजवादी पार्टी में अभी अंतर्कलह है। फिलहाल रामगोपाल यादव हाशिए पर चल रहे हैं जबकि शिवपाल यादव को महत्व मिलने लगा है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजनीति में अभी देखें तो एनडीए को ताकत मिल रही है। इंडिया ब्लॉक कमजोर हो रहा है।

नीरज दुबे ने कहा कि हाल में ही हमने इंडिया ब्लॉक की एकजुटता को लेकर एक बैठक देखी थी। लेकिन उस बैठक के कुछ ही दिनों बाद झारखंड में राज्यसभा के चुनाव हुए इंडिया ब्लॉक का कुनबा पूरी तरीके से बिखर गया। एनडीए समर्थित उम्मीदवार चुनाव जीत गए और इंडिया ब्लॉक के राजनीतिक दल एक दूसरे पर आरोप लगाने में व्यस्त हो गए। राहुल गांधी ने अपने भाषण को जारी कर दिया। इससे भी इंडिया ब्लॉक के नेताओं में उनको लेकर नाराजगी होने लगी है। वर्तमान में देखी तो इंडिया ब्लॉक के नेता कांग्रेस के मोनोपोली को बर्दाश्त करने के पक्ष में नहीं है। ऐसे में देखना होगा कि इंडिया ब्लॉक फिलहाल कितने दिन टिक पाता है।

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