By नीरज कुमार दुबे | Aug 23, 2024
प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क के खास कार्यक्रम शौर्य पथ में इस सप्ताह हमने ब्रिगेडियर श्री डीएस त्रिपाठी जी (सेवानिवृत्त) से जानना चाहा कि अमेरिकी विदेश मंत्री ने इजराइल और हमास के बीच संघर्षविराम कराने के काफी प्रयास किये हैं। आपको क्या लगता है संघर्षविराम संभव है? इसके जवाब में उन्होंने कहा कि इसे संभव बनाने के लिए अमेरिका तो पूरी मेहनत कर रहा है लेकिन कभी इजराइल पीछे हट जाता है तो कभी हमास। उन्होंने कहा कि लेकिन अमेरिका में राष्ट्रपति चुनावों को देखते हुए एक बात तो तय है कि बाइडन प्रशासन कुछ समय के लिए संघर्षविराम करवा कर रहेगा। उन्होंने कहा कि पहले भी अमेरिका की पहल पर ही दो बार इजराइल और हमास के बीच संघर्षविराम हो चुका है हालांकि वह अल्पावधि का ही था।
ब्रिगेडियर श्री डीएस त्रिपाठी जी (सेवानिवृत्त) ने कहा कि जहां तक संघर्ष में ताजा अपडेट की बात है तो खबरों के मुताबिक इज़राइल की सेना का कहना है कि उसने आज सुबह गाजा शहर के ज़िटौन में हमास के "कमांड सेंटर" पर हवाई हमला किया। उन्होंने कहा कि इजराइली सेना ने हमास पर वहां हथियार जमा करने का आरोप लगाते हुए दावा किया है कि यह सुविधा एक इमारत के भीतर स्थित थी जो पहले एक स्कूल के रूप में काम करती थी। उन्होंने कहा कि इसमें किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। उन्होंने कहा कि इससे पहले, गाजा सिटी के ज़िटौन के पूर्व में एक सभा पर इजरायली हवाई हमले की सूचना मिली थी जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में इज़रायली बलों और हमास और फ़िलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद दोनों के लड़ाकों के बीच भीषण झड़पों की भी सूचना है।
ब्रिगेडियर श्री डीएस त्रिपाठी जी (सेवानिवृत्त) ने कहा कि ऐसी भी खबर है कि अश्कलोन के 19 वर्षीय अशकेनाज़ी नेकेम्या को फिलिस्तीनी एन्क्लेव के दक्षिण में मार दिया गया है जिससे 7 अक्टूबर या उसके बाद से मारे गए इजरायली सैनिकों की कुल संख्या 695 हो गई है। उन्होंने कहा कि इस आंकड़े में 332 वह सैनिक शामिल हैं जिनके बारे में इजरायली सेना का दावा है कि 27 अक्टूबर को गाजा पट्टी में जमीनी कार्रवाई शुरू होने के बाद से वे मारे गए हैं।