Prabhasakshi Exclusive: Venezuelan President के Plane को US ने किया Seized, Putin-Biden की लड़ाई में पिस गये Nicolas Maduro!

By नीरज कुमार दुबे | Sep 05, 2024

प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क के खास कार्यक्रम शौर्य पथ में इस सप्ताह हमने ब्रिगेडियर श्री डीएस त्रिपाठी जी (सेवानिवृत्त) से जानना चाहा कि अमेरिका ने वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के विमान को जब्त कर लिया है। कहा जा रहा है कि चूंकि मादुरो पुतिन के समर्थक हैं इसलिए यह कार्रवाई की गयी है। इस संदर्भ में सवाल यह है कि क्या मादुरो के बहाने बाइडन और पुतिन के बीच एक नया संघर्ष शुरू हो गया है? इसके जवाब में उन्होंने कहा कि अमेरिका ने वेनेजुएला पर तमाम तरह के प्रतिबंध लगा रखे हैं इसलिए जब विमान को गलत तरीके से बेचा गया तो अमेरिका की नजर इस सौदे पर पड़ी जिसके बाद इस विमान को जब्त कर लिया गया है और मामले की जाँच बैठा दी गयी है।

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ब्रिगेडियर श्री डीएस त्रिपाठी जी (सेवानिवृत्त) ने कहा कि मादुरो, उनके सहयोगियों और ओपेक के सदस्य वेनेजुएला पर अमेरिका ने तमाम प्रतिबंध लगा रखे हैं। उन्होंने कहा है कि संभावना यह भी है कि प्रतिबंधों का दायरा और बढ़ सकता है। उन्होंने कहा कि अमेरिकी अटॉर्नी जनरल मेरिक गारलैंड ने एक बयान में कहा है कि डसॉल्ट फाल्कन 900EX विमान को एक शेल कंपनी के माध्यम से 13 मिलियन डॉलर में अवैध रूप से खरीदा गया था और "निकोलस मादुरो और उनके साथियों द्वारा उपयोग के लिए" अमेरिका से बाहर तस्करी कर लाया गया था। उन्होंने कहा कि अमेरिकी अधिकारियों ने कहा है कि जब्ती, डोमिनिकन गणराज्य के साथ मिलकर काम करते हुए की गई थी। उन्होंने कहा कि अमेरिकी न्याय विभाग की जांच से पता चला कि 2022 के अंत और 2023 की शुरुआत में मादुरो से जुड़े व्यक्तियों ने कथित तौर पर डसॉल्ट फाल्कन 900EX विमान की अवैध खरीद में अपनी भागीदारी को छिपाने के लिए कैरेबियन-आधारित शेल कंपनी का इस्तेमाल किया था। उन्होंने कहा कि विमान को पिछले साल कैरेबियन के माध्यम से अमेरिका से वेनेजुएला में अवैध रूप से निर्यात किया गया था और तब से यह वेनेजुएला के सैन्य अड्डे से उड़ान भर रहा था और इसका उपयोग मादुरो और उनके प्रतिनिधियों के लाभ के लिए किया जा रहा था, जिसमें मादुरो को अन्य देशों की यात्राओं पर ले जाना भी शामिल था। उन्होंने कहा कि व्हाइट हाउस राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के एक प्रवक्ता ने कहा है कि यह कार्रवाई यह सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है कि मादुरो वेनेजुएला के अपने कुशासन के परिणामों को महसूस करते रहें। उन्होंने कहा कि कई पश्चिमी देशों ने वेनेजुएला चुनाव की निष्पक्षता पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने तो विपक्षी उम्मीदवार एडमंडो गोंजालेज को सबसे अधिक वोट से जीतने के लिए बधाई तक दे दी थी।

ब्रिगेडियर श्री डीएस त्रिपाठी जी (सेवानिवृत्त) ने कहा कि जहां तक इस मामले को लेकर रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के बीच तलवारें खिंचने की बात है तो वह इसलिए हो रहा है क्योंकि निकोलस मादुरो पुतिन के समर्थक हैं। वेनेजुएला चुनाव के बाद रूसी राष्ट्रपति ने मादुरो को फोन करके बधाई दी थी और रूस यात्रा का न्यौता भी दिया था। उन्होंने कहा कि बाइडन को चिंता इस बात की भी है कि यदि मादुरो ने रूस को अपने यहां कोई सैन्य अड्डा बनाने की अनुमति दे दी तो अमेरिका के बगल में नई सुरक्षा चुनौती खड़ी हो जायेगी। उन्होंने कहा कि इसके अलावा अमेरिका यह भी नहीं चाहता कि तेल संपन्न वेनेजुएला अपना पैसा कहीं बाहर खर्च कर पाये इसलिए भी उसने उस पर तमाम तरह के प्रतिबंध लगा रखे हैं।

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