By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jun 14, 2019
बीजिंग/बिश्केक। चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में एससीओ सम्मेलन से इतर हुई बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से कहा कि भारत और चीन एक-दूसरे के लिए खतरा नहीं हैं। साथ ही उन्होंने दोनों देशों के बीच करीबी विकास साझेदारी को बढ़ावा देने के भारत के प्रयासों में शामिल होने की चीन की इच्छा जतायी। लोकसभा चुनाव में प्रचंड बहुमत के साथ जीत के बाद दोबारा प्रधानमंत्री बनने के बाद मोदी और शी की यह पहली मुलाकात है।
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शी ने यह रेखांकित किया कि पूरी दुनिया में चीन और भारत ही ऐसी दो उभरती अर्थव्यवस्था हैं जिनकी आबादी एक अरब से ज्यादा है। दोनों देशों के बीच मतभेद के पुराने कारण, सीमा विवाद पर शी ने कहा, ‘‘हमें सीमा विवाद और अन्य तंत्रों के संबंध में विशेष प्रतिनिधियों की बैठकों का लाभ उठाना होगा, विश्वास बहाली के कदम उठाने होंगे और सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थिरता बनाए रखनी होगी।’’ गौरतलब है कि दोनों देशों के बीच सीमा विवाद पर बातचीत के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल और चीन के विदेश मंत्री वांग यी विशेष प्रतिनिधि हैं।