मॉब लिंचिंग तथा बलात्कार पीड़ितों को अंतरिम राहत देने के लिए योगी सरकार ने लिया बड़ा फैसला

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Sep 10, 2019

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार ने मंगलवार को मॉब लिंचिंग तथा बलात्कार के अपराध के पीड़ितों को अंतरिम राहत मुहैया कराने का फैसला किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय लिया गया। प्रदेश सरकार के प्रवक्ता एवं मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने मंत्रिमंडल की बैठक में लिए गए निर्णय की जानकारी देते हुए संवाददाताओं को बताया, ‘‘मंत्रिमंडल ने बलात्कार और मॉब लिंचिंग के ऐसे मामले जिनमें जांच लंबित है, उनके पीड़ितों को अंतरिम राहत उपलब्ध कराने का फैसला किया है।’’ उन्होंने बताया कि जिलाधिकारी की रिपोर्ट के आधार पर सम्बन्धित श्रेणी में दी जाने वाली राहत की राशि के अधिकतम 25% हिस्से को अंतरिम क्षतिपूर्ति के तौर पर दिया जाएगा।

सिंह ने बताया कि अभी तक बलात्कार और मॉब लिंचिंग के मामलों में फौरी मदद के बजाय जांच के बाद ही पीड़ितों को मदद दी जाती थी। मॉब लिंचिंग के पीड़ितों को कितनी मदद दी जाएगी, इस सवाल पर सिंह ने कहा कि ऐसी हिंसा के कई प्रकार हैं और मामले की किस्म के आधार पर मुआवजा तय किया जाएगा। उच्चतम न्यायालय ने अपने एक आदेश में राज्य सरकारों से मॉब लिंचिंग के मामलों में विभिन्न परिस्थितियों में घटना के 30 दिनों के अंदर पीड़ित या उसके परिजन को अंतरिम राहत देने का निर्देश दिया था। सिंह ने बताया कि मंत्रिमंडल ने ऋतिक रोशन अभिनीत फिल्म  सुपर-30  को राज्य जीएसटी में राहत देने का भी निर्णय लिया है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री ने देश के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के मुद्दे पर आधारित फिल्म  द ताशकंद फाइल्स  को भी ऐसी ही छूट देने के लिए संबंधित विभाग को निर्देश दिए हैं।

प्रमुख खबरें

FIFA World Cup: नीदरलैंड का धमाकेदार प्रदर्शन, Tunisia को 3-0 से रौंदकर Group F में किया टॉप।

Venezuela में भूकंप ने बढ़ाई India की टेंशन, देश की Energy Security पर मंडराया संकट

Shrikant Bhasi का 1266 करोड़ का बैंक घोटाला, अब ED ने 3.66 करोड़ की Life Insurance Policy भी की जब्त

US Tech Sell-off का असर: Japan से South Korea तक बाजार Crash, AI शेयरों में मचा कोहराम