लॉकडाउन, पृथक रहने के निर्देश का उल्लंघन करने पर 28 मामले दर्ज

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Mar 28, 2020

रायपुर। छत्तीसगढ़ में कोरोना वायरस से बचाव के दौरान लॉकडाउन, पृथक रहने के निर्देश का उल्लंघन और विदेश यात्रा की जानकारी छिपाने पर 28 मामले दर्ज किए गए हैं। राज्य के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने शुक्रवार को यहां बताया कि लॉकडाउन,पृथक रहने के निर्देश का उल्लंघन करने और विदेश यात्रा की जानकारी छिपाने पर पुलिस ने पिछले 24 घंटे में 28 आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं। उन्होंने बताया कि राज्य के रायपुर जिले में एक, धमतरी में एक, दुर्ग में पांच, राजनंदगांव में एक, बालोद में तीन, मुंगेली में एक, जांजगीर-चाम्पा में एक, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में छह, सरगुजा में एक, बलरामपुर में एक, कोरिया में एक, सूरजपुर में दो, बस्तर में एक, कांकेर में एक, दंतेवाड़ा में एक, और बीजापुर में एक अपराध दर्ज किया गया है।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 188, 269 और 270 के तहत अपराध दर्ज किया है। उन्होंने बताया कि राज्य के पुलिस महानिदेशक डीएम अवस्थी ने सभी पुलिस महानिरीक्षकों और पुलिस अधीक्षकों को लॉकडाउन का सख्ती से पालन कराने का निर्देश दिया। अवस्थी ने कहा है कि लॉक डाउन का पालन कराते समय पुलिस अपना मानवीय चेहरा बनाए रखे। आम नागरिकों के साथ मारपीट, दुर्व्यवहार जैसी घटनायें नहीं होनी चाहिए। सभी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, नगर पुलिस अधीक्षक और पुलिस अनुविभागीय अधिकारियों को इसके लिए जिम्मेदार माना जाएगा।

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वे अपने क्षेत्र में लगातार भ्रमण कर पुलिस बल का मनोबल बनाए रखें और लॉकडाउन का दृढ़ता से पालन कराएं। पुलिस महानिदेशक ने कहा, ‘‘लॉकडाउन का कुछ जिलों के कस्बों में सख्ती से पालन नहीं कराया जा रहा है। इसके लिए राजपत्रित अधिकारियों तथा पुलिस अधिकारियों की ड्यूटी स्थायी चौकी और गश्ती आदि में इस प्रकार लगाएं जिससे लॉकडाउन का सख्ती से अनुपालन कराया जा सके। उन्होंने निर्देश दिया है कि आवश्यक वस्तुएं जैसे दूध, पानी, बिजली, दवा की दुकानें, राशन की दुकानें, सब्जी और फल की दुकानें आदि आवश्यक सेवाओं की सुविधा नागरिकों को मिलती रहे।’’ अवस्थी ने कहा, ‘‘ इसके साथ ही कुछ लोग आवश्यक वस्तुओं की प्राप्ति और आपूर्ति की आड़ में अनावश्यक रूप से इधर-उधर घूम रहे हैं। कई स्वयंसेवी संगठन/स्वयंसेवक आदि समूह में घूम रहे हैं, जो ठीक नहीं है। यह भी ध्यान रखा जाये कि लोग इन आवश्यकताओं की पूर्ति अपने निकटम दुकानों से ही करें, पूरे शहर में घूमते हुए न पाए जाएं।

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