By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Oct 25, 2021
नयी दिल्ली।भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने सोमवार को कहा कि वित्तीय स्थिरता और वृद्धि के लिए सटीक और विश्लेषणात्मक ऑडिट रिपोर्ट जरूरी है, क्योंकि इससे नागरिकों में भरोसा पैदा होता है। दास ने नेशनल एकेडमी ऑफ ऑडिट एंड अकाउंट्स (एनएएए) में अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘ऑडिट देश के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि सार्वजनिक व्यय के फैसले इन्हीं रिपोर्ट पर आधारित होते हैं। सार्वजनिक क्षेत्र के लिहाज से ऑडिट सुशासन की आधारशिला है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘एक लचीली अर्थव्यवस्था के लिए निष्पक्ष और मजबूत ऑडिट व्यवस्था जरूरी है, क्योंकि इससे नागरिकों में भरोसा पैदा होता है... यह वैश्विक स्तर पर देश की प्रतिष्ठा और विश्वसनीयता को बढ़ाने का एक साधन भी है।’’
दास ने कहा, ‘‘आरबीआई मानक में सुधार के लिए लगातार ऑडिटिंग के हितधारकों के साथ मिलकर काम कर रहा है।’’ आरबीआई गवर्नर ने बताया कि इस साल जनवरी में वाणिज्यिक बैंकों के लिए जोखिम आधारित आंतरिक लेखा परीक्षा प्रणाली को मजबूत किया गया। उन्होंने कहा कि इसके साथ ही केंद्रीय बैंक ने लचीले वित्तीय क्षेत्र के निर्माण के लिए बैंकों, एनबीएफसी में मजबूत प्रशासनिक ढांचे पर जोर दिया। उन्होंने ऑडिटर समुदाय से लगातार कौशल विकास करने और अपने कार्य को सबसे प्रभावी तरीके से करने का आग्रह किया।