Bangladesh के बाद Nepal में भी Hindu निशाने पर! भारत से सटे Birgunj में हालात बेकाबू होने के बाद लगा Curfew

By नीरज कुमार दुबे | Jan 06, 2026

बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर अत्याचार की खबरें तो लगातार सामने आ ही रही हैं साथ ही अब नेपाल में बहुसंख्यक हिंदुओं को निशाना बनाये जाने की खबरें भी आने लगी हैं। हम आपको बता दें कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियोज में मुसलमानों को अपने घरों की छतों से हिंदुओं पर पत्थर बरसाते हुए देखा जा सकता है। हम आपको बता दें कि नेपाल के भारत से सटे सीमावर्ती शहर बीरगंज में इस समय हालात बेकाबू हो गये हैं। शहर के कई हिस्सों में तनाव, आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाओं के बाद प्रशासन को कर्फ्यू लागू करना पड़ा है। हम आपको बता दें कि यह इलाका भारत नेपाल सीमा के बेहद नजदीक है, जिस कारण हालात की गंभीरता और बढ़ गयी है।


प्राप्त जानकारी के अनुसार, पूरे विवाद की शुरुआत एक सोशल मीडिया वीडियो से हुई, जो टिकटॉक पर तेजी से वायरल हुआ। इस वीडियो में धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली सामग्री होने का आरोप लगाया गया, जिसके बाद स्थानीय समुदायों में भारी आक्रोश फैल गया। देखते ही देखते प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आये और मामला सांप्रदायिक तनाव में बदल गया।

इसे भी पढ़ें: ठंडे बस्ते में पड़े SAARC को फिर से जीवित करने की यूनुस क्यों करने लगे मांग, भारत के बगैर इसकी कल्पना में कुछ दम है या सिर्फ बयानबाज़ी?

हम आपको बता दें कि हालात तब और बिगड़ गये जब कुछ इलाकों में धार्मिक स्थलों के साथ तोड़फोड़ की खबरें सामने आयीं। इसके बाद प्रदर्शन हिंसक हो गये। दुकानों को नुकसान पहुंचाया गया, टायर जलाये गये और मुख्य सड़कों को जाम कर दिया गया। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़पें भी हुईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने बीरगंज के संवेदनशील इलाकों में कर्फ्यू लागू कर दिया। पहले यह कर्फ्यू सीमित समय के लिये लगाया गया था, लेकिन हालात सामान्य न होने के कारण इसे बढ़ाना पड़ा। प्रशासन ने साफ किया कि कर्फ्यू के दौरान अनावश्यक आवाजाही पर सख्त कार्रवाई की जायेगी।


हम आपको बता दें कि कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिये बड़ी संख्या में सुरक्षाबलों को तैनात किया गया है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि अगर हिंसा दोबारा भड़की तो और कठोर कदम उठाये जा सकते हैं। जरूरी सेवाओं को छूट दी गयी है, लेकिन आम नागरिकों से घरों में रहने की अपील की गयी है। उधर, बीरगंज की स्थिति का असर भारत नेपाल सीमा पर भी साफ दिख रहा है। सीमा पर चौकसी बढ़ा दी गयी है और सुरक्षा एजेंसियां किसी भी संभावित खतरे को लेकर सतर्क हैं। दोनों देशों के अधिकारियों के बीच लगातार संपर्क बनाये रखा जा रहा है ताकि हालात नियंत्रण में रहें।


देखा जाये तो भारत नेपाल सीमा से सटे बीरगंज में भड़की हिंसा उस गहरी सामाजिक बेचैनी का नतीजा है जो पिछले कुछ वर्षों से नेपाल के भीतर लगातार पकती रही है। एक वायरल सोशल मीडिया वीडियो से शुरू हुआ विवाद, मस्जिद में तोड़फोड़, सड़कों पर उग्र प्रदर्शन और अंततः कर्फ्यू तथा सीमा सील होने तक की नौबत यह दिखाती है कि नेपाल आज किस नाजुक मोड़ पर खड़ा है। नेपाल लंबे समय तक एक घोषित हिंदू राष्ट्र रहा है। राजशाही काल में धार्मिक पहचान स्पष्ट थी, लेकिन सामाजिक संतुलन अपेक्षाकृत स्थिर था। मुसलमान, बौद्ध और अन्य समुदाय हिंदू बहुल समाज के साथ रहते आये और कभी बड़े पैमाने पर टकराव की घटना नहीं हुई। लेकिन राजशाही के अंत और धर्मनिरपेक्ष गणराज्य बनने के बाद नेपाल की पहचान एक तरह से अधर में लटक गयी।


बीरगंज का मामला बताता है कि धार्मिक भावनाएं अब तर्क से नहीं, उन्माद से संचालित हो रही हैं। सोशल मीडिया संवाद का माध्यम बनने की बजाय भीड़ को भड़काने का हथियार बन गया है। अफवाहें सत्य से ज्यादा तेज दौड़ती हैं और नफरत शांति को रौंदती चली जाती है। यह भी समझना जरूरी है कि यह आग अचानक नहीं लगी। नेपाल पिछले कुछ वर्षों से राजनीतिक अस्थिरता, बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और पहचान की राजनीति से जूझ रहा है। जब शासन कमजोर होता है, जब जनता का भरोसा टूटता है, तब समाज के भीतर छिपी दरारें उभर कर हिंसा का रूप ले लेती हैं। धर्म ऐसे समय में सबसे आसान औजार बन जाता है। नेताओं के लिये भी और उकसाने वालों के लिये भी। बीरगंज में यही हुआ।


भारत के लिये यह स्थिति इसलिए भी चिंता का विषय है क्योंकि सीमा के आर पार जीवन एक दूसरे से जुड़ा हुआ है। व्यापार, रोजगार, रिश्तेदारी और रोजमर्रा की आवाजाही इस क्षेत्र को संवेदनशील बनाती है। नेपाल में भड़की हर चिंगारी भारत की सीमा तक असर दिखाती है। बीरगंज की आग हमें यह भी चेतावनी देती है कि अगर नहीं संभले, तो यह बीमारी केवल नेपाल तक सीमित नहीं रहेगी।

All the updates here:

प्रमुख खबरें

National Kabaddi: क्वार्टरफाइनल की तस्वीर साफ, Vadodara में अब खिताब के लिए मचेगा असली घमासान

Lionel Messi का छलका दर्द, बोले- English न आने से आधा अनजान महसूस करता था

Real Madrid का Champions League में दमदार पलटवार, पिछड़ने के बाद Benfica को 2-1 से रौंदा

Chabahar Port के Budget पर भारत की चुप्पी से Iran नाराज, कहा - यह है India का Golden Gate