By अंकित सिंह | Sep 29, 2022
राजस्थान कांग्रेस में सियासी उठापटक के बीच आज अशोक गहलोत की सोनिया गांधी से मुलाकात हुई है। यह मुलाकात काफी लंबे समय तक चली। मुलाकात के बाद अशोक गहलोत ने साफ तौर पर कहा कि मैं कांग्रेस का सच्चा सिपाही हूं। उन्होंने कहा कि जिस तरीके से 2 दिन पहले घटनाएं हुई है उससे मैं आहत हूं। उन्होंने कहा कि मैंने सोनिया गांधी को पूरी बात बताई है। पार्टी ने मुझे कई सारी जिम्मेदारियां दी है। पार्टी ने ही मुझे तीन बार मुख्यमंत्री बनाया है। जो कुछ भी हुआ है उसके लिए मैं खेद जता रहा हूं। जो कुछ भी हुआ उसके लिए मैंने माफी भी मांगी है।
गहलोत ने कहा कि कोच्चि में राहुल गांधी से मिले और उनसे (कांग्रेस अध्यक्ष के लिए) चुनाव लड़ने का अनुरोध किया। जब उन्होंने स्वीकार नहीं किया, तो मैंने कहा कि मैं चुनाव लड़ूंगा लेकिन अब मैंने चुनाव नहीं लड़ने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि एक पंक्ति का संकल्प हमारी परंपरा है। दुर्भाग्य से, ऐसी स्थिति उत्पन्न हुई कि प्रस्ताव पारित नहीं हुआ। यह मेरी नैतिक जिम्मेदारी थी, लेकिन सीएम होने के बावजूद मैं प्रस्ताव पारित नहीं करा सका।