IRGC का बड़ा आरोप, दुनिया में अशांति फैला रहा America, फेल हुई Trump की रणनीति

By अभिनय आकाश | Apr 30, 2026

इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा कि ट्रंप प्रशासन ने दुनिया की ऊर्जा का प्रबंधन करने की रणनीति से हटकर अवरोध (disruption) पैदा करने की रणनीति अपना ली है, और अब ईरान "अवरोध के खिलाफ गठबंधन" का केंद्र बन गया है। IRGC ने कहा कि अवरोध पैदा करने की यह परियोजना अमेरिका ने चीन, रूस और यूरोप को नियंत्रित करने के उद्देश्य से शुरू की थी। एक्स पर एक पोस्ट में IRGC ने कहा कि ट्रंप प्रशासन ने 'दुनिया की ऊर्जा का प्रबंधन' करने की रणनीति से हटकर 'अवरोध' पैदा करने की रणनीति अपना ली; और चीन, रूस तथा यूरोप को नियंत्रित करने की इस बड़ी अवरोध परियोजना के हिस्से के तौर पर एक समुद्री नाकेबंदी शुरू की गई। लेकिन 20 दिनों के बाद, व्हाइट हाउस में यह धारणा और भी गहरी होती जा रही है कि यह परियोजना विफल हो चुकी है और तेहरान अब 'अवरोध के खिलाफ गठबंधन' का केंद्र बन गया है। 

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ईरान की अर्थव्यवस्था को तबाह करने के मकसद से, ट्रंप ने उसके बंदरगाहों पर जहाजों की आवाजाही रोककर उसके तेल निर्यात को बाधित करना जारी रखने का फैसला किया। वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रंप का आकलन था कि उनके पास मौजूद अन्य विकल्प—जैसे कि फिर से बमबारी शुरू करना या इस संघर्ष से पूरी तरह पीछे हट जाना—नाकेबंदी जारी रखने के मुकाबले कहीं ज़्यादा जोखिम भरे थे।

संभावना है कि ट्रंप को इस बात का डर सता रहा है कि जैसे-जैसे मध्यावधि चुनाव नज़दीक आ रहे हैं, उनका जनसमर्थन कमज़ोर पड़ सकता है; क्योंकि इस नाकेबंदी के चलते हाल ही में गैस की कीमतें काफी बढ़ गई हैं, जिससे ट्रंप की लोकप्रियता (अप्रूवल रेटिंग्स) को भी काफी नुकसान पहुंचा है।

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