By अभिनय आकाश | Jul 29, 2026
रूस यूक्रेन के बीच जारी जंग का असर अब समुद्र में साफ दिखाई दे रहा है। ब्लैक सी के इलाके में बढ़ते हमलों ने समुद्र में चल रहे व्यापारिक जहाजों और उन पर काम करने वाले नाविकों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। सबसे बड़ी बात इस युद्ध क्षेत्र के करीब एक बंदरगाह पर भारतीय नाविकों की जिंदगी खतरे में है। जहां हर पल ड्रोन और मिसाइल हमलों का डर बना हुआ है। दरअसल यूक्रेन के चोरनामस्क बंदरगाह पर मालवाहक जहाज एमवी आमिर वन फंसा हुआ है। इस जहाज पर कुल 15 क्रू मेंबर्स मौजूद हैं। जिनमें 13 भारतीय नाविक शामिल हैं। नाविक संगठन फॉरवर्ड सीमेन यूनियन ऑफ इंडिया एफएसयूआई ने इस मामले को लेकर चिंता जताई है और कहा है कि जहाज के आसपास लगातार हमलों का खतरा बना हुआ है। एफएसयूआई के मुताबिक जहाज पर मौजूद चालक दल बेहद तनावपूर्ण हालात में रह रहा है। संगठन ने दावा किया कि बंदरगाह के आसपास बार-बार ड्रोन और मिसाइल हमलों की कोशिश हो रही है। जिससे किसी भी समय जहाज को नुकसान पहुंचने का खतरा बना हुआ है।
नाविक संगठन ने भारत सरकार और संबंधित अधिकारियों से तुरंत कदम उठाने की अपील की। संगठन का कहना है कि युद्ध क्षेत्र में फंसे भारतीय नाविकों की सुरक्षा सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए और उन्हें जल्द से जल्द सुरक्षित बाहर निकाला जाना चाहिए। एफएसयूआई ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी शेयर किया जिसमें जहाज के आसपास धुएं के बड़े गुबार दिखाई दे रहे हैं। दरअसल रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध में ब्लैक सी का इलाका लगातार खतरों से भरा हुआ है। यहां पहले भी कई बार व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाए जाने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं और हमलों के कारण अंतरराष्ट्रीय शिपिंग कंपनियां और समुद्री कर्मचारियों के लिए खतरा बढ़ गया। हाल के दिनों में भी ब्लैक सी क्षेत्र में व्यापारी जहाजों पर हुए हमलों ने एक बार फिर चिंता बढ़ा दी है। इससे पहले भी कई जहाजों को ड्रोन हमलों और सैन्य गतिविधियों के कारण नुकसान का सामना करना पड़ा है। इन घटनाओं के बाद भारत समेत कई देशों ने अपने नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। कुछ समय पहले ब्लैक सी में एक अन्य व्यापारिक जहाज पर हुए हमले में एक भारतीय नाविक की मौत की खबर सामने आई थी। इसके बाद भारत ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित पक्षों के सामने अपनी चिंता जाहिर की थी और व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाए जाने की घटनाओं की निंदा भी की थी।
आपको बता दें ब्लैक सी दुनिया के महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में से एक है। यहां से बड़ी संख्या में मालवाहक जहाज गुजरते हैं। लेकिन रशिया यूक्रेन संघर्ष के कारण इस क्षेत्र में जोखिम काफी बढ़ गया है। युद्ध के बीच काम कर रहे नागरिकों को लगातार सुरक्षा खतरे का सामना करना पड़ रहा है। फिलहाल एमबी आमिर वन पर सवार भारतीय नाविकों की सुरक्षा वापसी को लेकर चिंता बनी हुई है। नाविक संगठन लगातार सरकार और संबंधित एजेंसियों की मदद की मांग कर रहा है। अब देखना होगा कि भारतीय नाविकों को सुरक्षित निकालने के लिए क्या कदम उठाए जाते और इस संकट का समाधान कैसे निकाला जाता है।