By दिव्यांशी भदौरिया | Aug 27, 2026
भागदौड़ भरी जिंदगी में ऑफिस वर्क, डेडलाइन और घर की जिम्मेदारियों के बीच तालमेल बिठाना हर किसी के लिए काफी मुश्किल हो जाता है। अक्सर काम के दबाव में कई बार इंसान मानसिक रुप से थकान और तनाव महसूस करने लगता है। इस तरह का तनाव धीरे-धीरे व्यक्ति को बर्नआउट का शिकार बना देता है। इस स्थिति में जब दिमाग थक जाता है, तो वह किसी भी काम को ध्यान से नहीं कर पाता और हर छोटी-छोटी बात पर चिड़चिड़ा हो जाता है। अगर आप भी इसी प्रकार से मानसिक तनाव का समाना कर रही हैं, तो इससे निपटने और फोकस वापस पाने के लिए 25 मिनट Pomodoro तकनीक को ट्राई कर सकती हैं। आइए आपको बताते हैं, आखिर यह क्या है।
पोमोडोरा तकनीक एक प्रकार से टाइम मैनेजमेंट का एक अनोखा तरीका है, जिसे इटली के फ्रांसिस्को सिरिला ने बनाया था। इसको इटैलियन भाषा में 'पोमोडोरो' का अर्थ टमाटर होता है। इस तकनीक का सीधा तरीका यह है कि आप अपने काम को 25-25 मिनट के छोटे-छोटे टुकड़ों में बांट सकते हैं।
पोमोडोरो तकनीक अपनाने के 5 आसान स्टेप्स
- सबसे पहले आप जो-जो कार्य पूरा करना चाहती हैं, उन्हें एक कागज पर लिख लें।
- फिर फोन या घड़ी में 25 मिनट का अलार्म सेट कर लें।
- अगले 25 मिनट तक केवल उसी एक काम पर ध्यान दें। इस दौरान फोन देखने या दूसरा काम करने बचना काफी जरुरी है।
- जब टाइमर बजे, काम रोक दें और 5 मिनट का ब्रेक लें।
- वहीं, आपका 25-25 मिनट के 4 सेशन पूरे हो जाएं, तो इसके बाद 15 से 30 मिनट का एक बड़ा ब्रेक लें।
बर्नआउट से बचाने में पोमोडोरो तकनीक के फायदे
- प्रत्येक 25 मिनट के बाद मिलने वाला 5 मिनट का ब्रेक आपके दिमाग को शांत रखेगा और आप रिफ्रेश फील करेंगे।
- लगातार काम न करने के कारण शाम तक भारी थकान या सिरदर्द महसूस नहीं होता।
- इसके साथ ही ऑफिस और घर के कामों के बीच एक बेहतर संतुलन बना रहेगा, जिससे मानसिक तनाव कम होगा।