क्या दिल्ली के शाहीन बाग के अतिक्रमणकारी कानून से ऊपर हैं?

By नीरज कुमार दुबे | May 09, 2022

दिल्ली के शाहीन बाग में आज बड़ा हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला जब दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के बुलडोजर अतिक्रमण हटाने के लिए इस इलाके में पहुँचे। यहां के लोगों ने पहले की तरह विरोध करने के लिए महिलाओं को आगे कर दिया और खुद तमाशा देखने लगे। जब महिलाएं हिरासत में ली गयीं तो दर्शक की भूमिका छोड़कर यह लोग भी मैदान में कूद पड़े। हम आपको बता दें कि दिल्ली के शाहीन बाग का इलाका ऐसी जगहों में शुमार है जहां बड़ी संख्या में लोगों ने सरकारी जमीन पर अतिक्रमण किया हुआ है और बिना नक्शा पास कराये बिल्डिंगे बनाई हुई हैं। आज दक्षिणी दिल्ली नगर निगम का बुलडोजर जब शाहीन बाग से अतिक्रमण हटाने के लिए पहुँचा तो स्थानीय लोगों ने भारी हंगामा करना शुरू कर दिया। कुछ लोग बुलडोजर पर ही चढ़ गये तो कुछ उसके आगे बैठ गये। दक्षिणी दिल्ली नगर निगम की इस कार्रवाई के खिलाफ कुछ लोग सुप्रीम कोर्ट भी चले गये लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या अतिक्रमण करने वाले लोग कानून से ऊपर हैं।

आज की एमसीडी की कार्रवाई की बात करें तो अतिक्रमण हटाओ अभियान सुबह 11 बजे शुरू होना था। लेकिन स्थानीय लोगों के विरोध के चलते कार्रवाई शुरू नहीं हो सकी। किसी प्रकार का उपद्रव नहीं हो इसके लिए शाहीनबाग में भारी संख्या में सीआरपीएफ जवानों की तैनाती की गई है। लोगों के विरोध प्रदर्शन के चलते कई जगह ट्रैफिक जाम की समस्या भी उत्पन्न हो गयी है। शाहीन बाग़-सरिता विहार से कालिंदी कुंज के बीच ट्रैफिक बाधित है और दिल्ली, फरीदाबाद से पूर्वी दिल्ली और नोएडा जाने वाले वाहन भी रेंग-रेंग कर चल रहे हैं। बताया जा रहा है कि इलाके में लोगों का जमावड़ा लगा हुआ है। इस बीच स्थानीय लोग भी प्रदर्शन करने पहुँच रहे हैं। उधर दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के चेयरमैन राजपाल ने बताया है कि आज निगम अपना कार्य करेगा। उन्होंने कहा कि हमारे अधिकारी तैयार हैं, बुलडोजर की भी व्यवस्था कर ली गई है। चाहे बात तुगलकाबाद, संगम विहार, न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी या शाहीन बाग की हो हर जगह से अतिक्रमण हटाया जाएगा। शाहीन बाग में एक बिल्डिंग के आगे लगे आयरन स्ट्रक्चर को हटाने के लिए बुलडोजर ने कार्रवाई करनी चाही तो वहां लोगों के तेवर कुछ नरम हुए और वह खुद आयरन स्ट्रक्चर को खोलने लग गये।

इसे भी पढ़ें: योगी मॉडल अपना कर ही अन्य राज्य कानून व्यवस्था की स्थिति को सही कर सकते हैं

इस बीच, आम आदमी पार्टी के विधायक अमानतुल्लाह खान शाहीन बाग में चल रहे प्रदर्शन में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि एमसीडी को बताना चाहिए कि अतिक्रमण कहां पर है। उन्होंने कहा कि यदि अतिक्रमण होगा तो उसे वह हटवा देंगे। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले पर राजनीति हो रही है।

इस बीच, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी की दिल्ली इकाई और हॉकर्स यूनियन ने दक्षिणी दिल्ली नगर निगम द्वारा अतिक्रमण-विरोधी अभियान की आड़ में इमारतों को गिराये जाने के खिलाफ उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाया है और इसे ‘‘प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों, विधियों और संविधान का उल्लंघन’’ करार दिया है। याचिकाकर्ताओं ने दलील दी है कि वे अनधिकृत कब्जाधारी या अतिक्रमणकर्ता नहीं हैं, जैसा कि दक्षिण दिल्ली नगर निगम और अन्य ने आरोप लगाये हैं। याचिकाकर्ता ने कहा है कि पूरी कार्रवाई ‘‘बिल्कुल और स्पष्ट रूप से मनमानी’’ है और संविधान के अनुच्छेद 14, 19 और 21 का उल्लंघन है।

प्रमुख खबरें

Lohagad Fort Murder Mystery | कातिल की एक हुडी ने कैसे फेल कर दिया मंगेतर का परफेक्ट क्राइम प्लान? एक गलती और सलाखों के पीछे आरोपी

मुजफ्फरनगर में बड़ी कार्रवाई! पेपर प्लेट फैक्टरी से मुक्त कराए गए 12 बंधुआ मजदूर, नाबालिगों पर ढाया जा रहा था जुल्म

Mumbai Rain Update | मुंबई में मानसून की धमाकेदार दस्तक! रातभर भारी बारिश के बाद ओरेंज अलर्ट जारी

India-China Bilateral Relations: NSA Ajit Doval ने चीनी विदेश मंत्री Wang Yi से कहा- एक-दूसरे की मुख्य चिंताओं का सम्मान करें दोनों देश