By Prabhasakshi News Desk | Jun 10, 2024
भारतीय जनता पार्टी से जुड़े अश्विनी वैष्णव को मोदी कैबिनेट में फिर से जगह दी गई है। पूर्ववर्ती मोदी सरकार में उनके पास रेल, इलैक्ट्रॉनिक और सूचना प्रौद्योगिकी जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालय थे।
इसके बाद 2003 में अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार के दौरान वे उप सचिव के रूप में नियुक्त किए गए। वाजपेयी के 2004 में चुनाव हारने के बाद उन्होंने उनके निजी सचिव के रूप में भी काम किया। सचिव के रूप में कार्य करते हुए ही उनकी पहचान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी हुई। सरकारी नौकरी छोड़ने के बाद 2008 में वैष्णव ने एमबीए कर निजी क्षेत्र में कदम रखा। जिसके तहत उन्होंने 2012 में गुजरात में तीन टी ओटी लॉजिस्टिक प्राइवेट लिमिटेड और वीजी ऑटो कॉम्पोनेंट्स प्राइवेट लिमिटेड नामक दो ऑटोमेटिक कंपोनेंट मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स की स्थापना की।
मोदी 2.0 के दौरान वैष्णव ने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत की। जहां वे उड़ीसा से राज्यसभा के सदस्य चुनकर संसद भवन में पहुंचे। इस दौरान सर्वप्रथम वैष्णव को उप-विधि और याचिकाओं की समिति और विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी की पर्यावरण और वन समिति के सदस्य के रूप में नियुक्त किया गया। 2021 की जुलाई में जब मोदी सरकार के कैबिनेट का पुनर्गठन हुआ, तो वैष्णव को रेल मंत्रालय, इलेक्ट्रॉनिक और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय और संचार जैसे महत्वपूर्ण मंत्रालयों की जिम्मेदारी सौंपी गई।