By अंकित सिंह | Feb 06, 2025
राज्यसभा में बोलते हुए पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज समाज में जाति का जहर फैलाने की कोशिश की जा रही है। कई सालों से सभी पार्टियों के ओबीसी सांसद ओबीसी पैनल को संवैधानिक दर्जा देने की मांग कर रहे थे। लेकिन उनकी मांग खारिज कर दी गई, क्योंकि यह कांग्रेस की राजनीति के अनुकूल नहीं हो सकता था। लेकिन हमने इस पैनल को संवैधानिक दर्जा दिया। मोदी ने कहा कि भारत के पास जो समय है, उसके पल-पल का उपयोग देश की प्रगति के लिए, जन-सामान्य के लिए हो। इसके लिए हमने परिपूर्णता का अप्रोच अपनाया।
मोदी ने दावा किया कि कांग्रेस डॉ. बाबा साहेब अम्बेडकर से नफरत करती थी- इसकी पुष्टि के लिए कई दस्तावेज़ हैं। कांग्रेस ने यह सुनिश्चित करने में कोई कसर नहीं छोड़ी कि डॉ. अम्बेडकर को दो बार चुनावों में हार मिले। उन्होंने कभी भी उन्हें भारत रत्न के लिए नहीं माना। इस देश के लोगों ने देश के लिए बाबा साहब के योगदान का सम्मान किया है और तब आज कांग्रेस को मजबूरन 'जय भीम' बोलना पड़ रहा है। नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत की विकास यात्रा में नारीशक्ति के योगदान को कोई नकार नहीं सकता। लेकिन अगर उनको अवसर मिले और वो नीति-निर्धारण का हिस्सा बनें तो देश की प्रगति में और गति आ सकती है। इस बात को ध्यान रखते हुए हमने इस नए सदन के पहले निर्णय के रूप में 'नारीशक्ति अधिनियम' पारित कराया।
उन्होंने कहा कि इस वर्ष के बजट में, हमने समाज के कई छोटे वर्गों, जैसे चमड़ा और जूता उद्योग, को छुआ है। इससे हमारे समाज के गरीब लोगों को फायदा होगा. उदाहरण के लिए, खिलौना उद्योग ज्यादातर गरीबों को रोजगार देता है। हमने उस पर ध्यान केंद्रित किया और इस उद्योग में काम करने वाले लोगों को सशक्त बनाने का प्रयास किया है। इससे व्यापक बदलाव आया है। पहले हम खिलौने आयात करते थे लेकिन आज, हम 3X खिलौने निर्यात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की राजनीति का मंत्र हमेशा दूसरे की लकीर छोटी करना रहा...इसके कारण उन्होंने सरकारों को अस्थिर किया। किसी भी राजनीतिक दल की सरकार कहीं बनी तो उसे अस्थिर कर दिया। उन्होंने (कांग्रेस) जो ये रास्ता चुना है उसके चलते लोकसभा चुनाव के बाद उनके साथ जो थे, वे भी भाग रहे हैं।