कॉर्पोरेट जगत के लिए बड़ी राहत! RBI ने अधिग्रहण वित्तपोषण की सीमा बढ़ाकर 75% की

By रेनू तिवारी | Feb 14, 2026

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने शुक्रवार को देश के बैंकिंग क्षेत्र और कॉर्पोरेट जगत के लिए एक गेम-चेंजर कदम उठाया है। केंद्रीय बैंक ने अधिग्रहण वित्तपोषण (Acquisition Financing) पर अंतिम दिशानिर्देश जारी कर दिए हैं, जिसमें बैंकों को किसी कंपनी के अधिग्रहण के लिए सौदे के कुल मूल्य का 75 प्रतिशत तक ऋण देने की अनुमति दी गई है।

 बैंक वित्तपोषण अधिग्रहण मूल्य के 75 प्रतिशत से अधिक नहीं होगा

केंद्रीय बैंक ने कहा कि कुल बैंक वित्तपोषण अधिग्रहण मूल्य के 75 प्रतिशत से अधिक नहीं होगा, जिसका स्वतंत्र आकलन संबंधित बैंक द्वारा किया जाएगा। शेष राशि अधिग्रहण करने वाली कंपनी को अपने संसाधनों से जुटानी होगी। नए नियमों के तहत बैंक प्रवर्तकों की हिस्सेदारी को भी वित्तपोषित कर सकेंगे, बशर्ते अधिग्रहण के बाद ऋण-इक्विटी अनुपात निरंतर आधार पर 3:1 से अधिक न हो। अधिग्रहीत इक्विटी शेयर या अनिवार्य रूप से परिवर्तनीय डिबेंचर किसी भी प्रकार के भार से मुक्त होने चाहिए।

इसे भी पढ़ें: Telangana Municipal Election Results 2026 | कांग्रेस की 'हाथ' मजबूत, मल्लिकार्जुन खरगे ने जनता के विश्वास को सराहा

आरबीआई ने बैंकों को अधिग्रहण वित्तपोषण के लिए निदेशक मंडल से अनुमोदित नीति बनाने के लिए कहा है। पात्र उधारकर्ता की न्यूनतम शुद्ध संपत्ति 500 करोड़ रुपये और लगातार तीन वर्षों का शुद्ध लाभ होना आवश्यक है। गैर-सूचीबद्ध कंपनियों के लिए निवेश-योग्य रेटिंग भी अनिवार्य होगी।

आरबीआई के ये दिशानिर्देश एक अप्रैल से प्रभावी हो जाएंगे। केंद्रीय बैंक ने अक्टूबर के अंत में पहली बार एक मसौदा जारी किया था, जिसमें बैंकों को अधिग्रहण के लिए वित्तपोषण की अनुमति देने का प्रस्ताव रखा गया था। इससे पहले तक बैंकों को इस तरह की गतिविधि की अनुमति नहीं थी।

प्रमुख खबरें

ऊर्जा संकट में Russia बना सहारा, India को Crude Oil और LNG की सप्लाई बढ़ाने का प्रस्ताव

नौसेना को मिली डबल शक्ति: Nuclear Submarine INS अरिधमन और INS तारागिरी से बढ़ी भारत की समुद्री ताकत

Harry Kane की Injury ने बढ़ाई टेंशन, Champions League के बड़े मैच से हो सकते हैं बाहर

Mahindra Price Hike: ग्राहकों को बड़ा झटका, Scorpio-XUV समेत ये गाड़ियां 2.5% तक महंगी होंगी