By अंकित सिंह | Oct 16, 2026
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने शुक्रवार को विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि वह विदेशी ताकतों के साथ मिलीभगत करके भारत को अस्थिर करने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने दावा किया कि विपक्ष की "सत्ता परिवर्तन" (regime change) की मांग ने उसके असली एजेंडे को उजागर कर दिया है। उनकी यह टिप्पणी सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण के उस बयान के बाद आई है, जिसमें उन्होंने कहा था कि मतदाता सूची के 'विशेष गहन पुनरीक्षण' (SIR) में कथित अनियमितताओं के खिलाफ चल रहा आंदोलन वास्तव में सत्ता परिवर्तन की लड़ाई बन गया है।
उन्होंने आगे दावा किया कि विपक्ष की लड़ाई चुनावी सुधारों, एसआईआर (SIR) या देश के युवाओं के भविष्य के लिए नहीं है, बल्कि इसका मकसद अराजकता फैलाना और किसी भी कीमत पर सत्ता हासिल करना है। नबिन ने कहा कि लोकतंत्र में सत्ता तक पहुंचने का रास्ता जनता के जनादेश से होकर गुजरता है, न कि अराजकता से। उन्होंने यह भी कहा कि बीजेपी और देश की देशभक्त जनता, लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करने की किसी भी कोशिश को सफल नहीं होने देगी।
भूषण ने गुरुवार को नई दिल्ली में 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके, छात्र संगठन के नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए ये बातें कहीं। उन्होंने कहा कि सत्ता परिवर्तन की मांग करना लोकतांत्रिक अधिकारों के दायरे में आता है और संविधान के तहत सरकार के खिलाफ "असंतोष" पैदा करना कोई अपराध नहीं है। भूषण ने कहा कि सरकार का आरोप है कि विपक्ष सत्ता परिवर्तन चाहता है... हम अभी इस बात के लिए लड़ रहे हैं कि चुनाव ठीक से हों। लेकिन अगर इस तरह की बर्बरता जारी रही, तो सत्ता परिवर्तन जरूर होगा। उन्होंने आगे कहा कि हां, हम सभी सत्ता परिवर्तन चाहते हैं।