By अंकित सिंह | Sep 15, 2026
जानकारी यह है कि संसद का सत्र अभी खत्म नहीं हुआ है, और केंद्र सरकार ने विपक्षी दलों से संपर्क किया है। सरकार चाहती है कि त्योहारों का मौसम शुरू होने से पहले संसद का एक विशेष सत्र बुलाया जाए ताकि परिसीमन से जुड़े महिला आरक्षण बिल को पास कराया जा सके। सूत्रों के मुताबिक, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू के ऑफिस ने कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे से संपर्क किया है। वे यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि क्या 11 अक्टूबर को नवरात्रि शुरू होने से पहले यह सत्र बुलाया जा सकता है। सूत्रों का कहना है कि खड़गे के ऑफिस की तरफ से अभी कोई जवाब नहीं आया है।
इसके बाद, खड़गे ने रिजिजू को पत्र लिखकर फिर से मांग की कि सरकार कोई भी फैसला लेने से पहले सर्वदलीय बैठक बुलाए और प्रस्तावित एजेंडे के बारे में जानकारी दे। 17 अप्रैल को बजट सत्र के दौरान सरकार को एक झटका लगा, जब लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं के लिए आरक्षण लागू करने से जुड़ा परिसीमन (delimitation) वाला संविधान संशोधन बिल लोकसभा में गिर गया। सरकार ने अब लोकसभा सीटों की कुल संख्या 543 से बढ़ाकर 850 तक करने का प्रस्ताव रखा है, जिसमें हर राज्य का प्रतिनिधित्व उसी अनुपात में बढ़ेगा।
सूत्रों के मुताबिक, सरकार DMK को इस बिल के पक्ष में वोट देने के लिए मनाने की कोशिश कर रही है, जिसके लोकसभा में 22 सांसद हैं। हालांकि अभी यह साफ नहीं है कि सरकार के पास दो-तिहाई बहुमत है या नहीं, लेकिन DMK सांसद कनिमोझी और शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे व NCP (SP) नेता शरद पवार के बीच हालिया मुलाकात ने परिसीमन पर विपक्ष के बीच बातचीत को लेकर अटकलों को हवा दे दी है। सूत्रों ने बताया कि अगर सरकार सत्र आगे बढ़ाती है, तो साझा रुख तय करने के लिए कांग्रेस ने SP और TMC समेत अपने INDIA ब्लॉक के सहयोगियों से संपर्क किया है।