By अभिनय आकाश | Sep 25, 2026
सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई है जिसमें मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आपराधिक मुकदमा चलाने की मांग की गई है। यह मांग मतदाता सूची के 'स्पेशल इंटेंसिव रिविजन' (SIR) के संबंध में कानूनी कर्तव्यों के कथित उल्लंघन को लेकर की गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, वकील शैलेंद्र मणि त्रिपाठी ने संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत याचिका दायर की। इसमें कुमार के उन फैसलों, गाइडलाइंस और सॉफ्टवेयर में किए गए बदलावों को चुनौती दी गई है, जो कथित तौर पर बाकी दो चुनाव आयुक्तों की सहमति के बिना किए गए थे। साथ ही, इन फैसलों और बदलावों को असंवैधानिक और अमान्य घोषित करने की मांग की गई है। यह याचिका 'द इंडियन एक्सप्रेस' की उस रिपोर्ट के कुछ दिनों बाद आई है जिसमें बताया गया था कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने SIR से जुड़े फैसलों और आदेशों पर कम से कम 14 बार आपत्तियां दर्ज कराई थीं। इन फैसलों में 'फॉर्म 6' में बदलाव और वोटर लिस्ट के डेटा का मैनेजमेंट शामिल था। रिपोर्ट के मुताबिक, ये आपत्तियां उन फैसलों के बारे में थीं जो कथित तौर पर उनकी जानकारी के बिना या उनकी सिफारिशों के खिलाफ लिए गए थे।