By Prabhasakshi News Desk | Oct 21, 2024
बीजिंग । चीन के विदेश मंत्रालय ने रूस में इस सप्ताह ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से इतर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और राष्ट्रपति शी चिनफिंग के बीच संभावित मुलाकात के बारे में सोमवार को पूछे गए सवालों को टाल दिया। चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने यहां संवाददाता सम्मेलन में एक सवाल का जवाब देते हुए कहा, ‘‘अगर कोई बात सामने आती है तो हम आपको सूचित करेंगे।’’ रूस के कजान में मंगलवार को शुरू हो रहे ब्रिक्स सम्मेलन में मोदी और शी भाग ले रहे हैं।
आमतौर पर आर्थिक रूप से कम विकसित देशों या विकासशील देशों को ‘ग्लोबल साउथ’ कहा जाता है। ब्रिक्स में मूल रूप से ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका शामिल थे। मिस्र, इथियोपिया, ईरान, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात को नये सदस्यों के रूप में शामिल किया गया है। इस वर्ष के शिखर सम्मेलन का विषय ‘‘न्यायपूर्ण वैश्विक विकास एवं सुरक्षा के लिए बहुपक्षवाद को मजबूत करना’’ है।
मंत्रालय की प्रवक्ता माओ निंग ने कहा कि शी छोटे-समूह और बड़े-समूह की बैठकों, ‘ब्रिक्स प्लस’ संवाद में भाग लेंगे और अपने महत्वपूर्ण विचार भी रखेंगे। उन्होंने कहा कि शी अंतरराष्ट्रीय परिदृश्य, ब्रिक्स व्यावहारिक सहयोग, ब्रिक्स तंत्र के विकास और आपसी हितों के महत्वपूर्ण मुद्दों पर अन्य नेताओं के साथ गहन विचारों का आदान-प्रदान भी करेंगे। उन्होंने कहा, ‘‘चीन अन्य पक्षों के साथ मिलकर ब्रिक्स देशों के बीच सहयोग के सतत विकास के लिए प्रयास करने को तैयार है, ताकि ग्लोबल साउथ के लिए एकजुटता के माध्यम से ताकत हासिल करने और संयुक्त रूप से विश्व शांति और विकास को बढ़ावा देने के लिए एक नये युग की शुरुआत की जा सके।