By विजयेन्दर शर्मा | Oct 12, 2021
करसोग । मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने करसोग के चुराग में मंडी संसदीय सीट से बीजेपी प्रत्याशी खुशाल ठाकुर के पक्ष में चुनाव प्रचार किया। इस दौरान चुनावी सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कांग्रेस प्रत्याशी प्रतिभा सिंह के कारगिल को लेकर दिए बयान, नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस स्टार प्रचारकों पर निशाना साधा।
जयराम ठाकुर ने कहा, “मैं राजा नहीं गरीब परिवार से हूं। इसका मतलब यह नहीं कि आप हमें कुछ भी कहते रहें। बीजेपी प्रत्याशी के नॉमिनेशन के बाद हमने जनसभा में राजनीतिक रूप से कुछ नहीं कहा था। हमने केवल अपनी योजनाएं गिनवाईं थीं। यदि हमने कहा कि मंडी हमारी थी, है और रहेगी तो इसमें गलत क्या है।”
उन्होंने कहा कि मंडी में हमने कहा था कि हम अपनी ओर से ना कुछ कहेंगे ना ही करेंगे। कांग्रेस पार्टी में कोई ऐसा नेता नहीं है जिसका चिट्ठा ना हो। इसलिए हमने कहा था कि हम नहीं बोलेंगे, क्योंकि यही देवभूमि का संस्कार है। बदले से काम करने की भावना को हमने दफन किया। हमने टोपी की राजनीति को खत्म कर दिया। पहले लोग टोपी के रंग को देख काम करते और करवाते थे।
जयराम ठाकुर ने कहा “टोपी हिमाचल की संस्कृति है। पहले अपर हिमाचल और लोअर हिमाचल का राग रहता था। अब मंडी बीच में है तो वो लड़ाई भी लंबे समय तक खत्म हो गई।” इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस के स्टार प्रचारकों कन्हैया कुमार और नवजोत सिंह सिद्धू को भी आड़े हाथों लिया।
मुख्यमंत्री ने कहा “ बीजेपी ने उपचुनाव के लिए अपने स्टार प्रचारकों में हिमाचल के ही नेताओं को शामिल किया। कांग्रेस ने अपनी पार्टी के लिए कन्हैया कुमार और नवजोत सिंह सिद्धू को स्टार प्रचारक बनाया। इससे साबित होता है कि कांग्रेस में कुछ नहीं बचा है। कन्हैया कभी कम्युनिस्ट थे, उस व्यक्ति पर देशद्रोह का मामला दर्ज हुआ। उस व्यक्ति पर आरोप लगे कि उन्होंने भारत तेरे टुकड़े होंगे जैसे नारे लगाए।
उन्होंने कहा, “कांग्रेस का बेड़ा गर्क हो गया है। जो पार्टी देश और प्रदेश में नहीं बची उससे भविष्य की उम्मीद ना करें। कांग्रेस ने तो उस व्यक्ति को पार्टी में शामिल कर लिया, जिन्होंने राहुल गांधी को पप्पू के नाम से देश में प्रसिद्ध किया।”
सीएम जयराम ठाकुर ने कहा “ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर को हर कोई जानते हैं। जब पाकिस्तान की सेना कारगिल तक जा पहुंची। उस लड़ाई में ब्रिगेडियर खुशाल ठाकुर को भी शामिल किया गया। उन्होंने वीरता से लड़ाई लड़ी और जीत हासिल की। मुझे दुख है कि प्रतिभा सिंह ने कहा कि वो लड़ाई तो मामूली थी। कारगिल में हिमाचल के 52 सैनिक देश के लिए कुर्बान हो गए और वो कह रहे हैं कि कारगिल कुछ नहीं था। इससे दुर्भाग्यपूर्ण कुछ नहीं हो सकता।”
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने विक्रमादित्य पर भी जमकर जुबानी हमले किए। जयराम ठाकुर ने कहा, “विक्रमादित्य ने कहा कि मैंने कई सरकारें देखी हैं। पहली बार विधानसभा पहुंचे और ऐसा कर रहे हैं कि मैंने कई सरकारें देखी हैं। कहते हैं कि मैं गिद्ध दृष्टि से देख रहा हूं और हमारी सरकार आएगी तो इन्हें पटक-पटक कर फेंकूंगा। ये दुर्भाग्यपूर्ण है।”
उन्होंने कहा कि यदि हमें देश और प्रदेश का विकास करना है तो हमें केंद्र और राज्य दोनों जगह सरकारों को मजबूत करना है। वीरभद्र सिंह को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आदरणीय वीरभद्र हमारे बीच में नहीं रहे हमें इसका दुख है, लेकिन वोट मांगने हैं तो अपने काम और नाम पर मांगिए।
सीएम जयराम ठाकुर ने इस दौरान धारा 370, राम मंदिर निर्माण का जिक्र भी किया। उन्होंने हिमाचल सरकार द्वारा महिलाओं और वृद्धों को पेंशन, शगुन योजना, हिम केयर योजनाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि इतने सालों तक कांग्रेस सत्ता में रही, अपने कार्यकाल में कांग्रेस ऐसी योजनाएं क्यों नहीं चला पाई।
पंडित रामस्वरूप शर्मा को उन्होंने याद करते हुए कहा कि उन्होंने मंडी को छोटी काशी बोलकर देश में पहचान दी। हम उनकी कमी महसूस करते हैं। उनका स्वभाव ही उनकी ताकत थी। यही वजह थी बड़े-बड़े दिग्गजों ने मंडी से लोकसभा से चुनाव लड़ा, लेकिन सबसे ज्यादा जीत का अंतर रामस्वरूप शर्मा का रहा। मुझे भी अपनी विधानसभा में 36 हजार वोट मिले थे, लेकिन जब केंद्र में नरेंद्र मोदी को पीएम बनाने की बात आई तो सिर्फ लीड ही 36 हजार की रही।
पिछली बार जब हम यहां आए तो आपने कहा कि यहां बीडीओ का ऑफिस होना चाहिए, हमने थुनाग में बीडीओ का ऑफिस देने की घोषणा की। बगशाड़ में उपतहसील होनी चाहिए, हमने उसकी घोषणा ही नहीं की बल्कि नोटिफिकेशन भी जारी कर दी। पड़ोस में रहने वाला आदमी जब सुखी होता है तो अच्छा रहता है।