By अभिनय आकाश | Apr 16, 2026
कांग्रेस विधायक रमेश चेन्निथला ने गुरुवार को केरल में नेतृत्व को लेकर चल रहे विवाद को खत्म करने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों का फैसला चुनाव नतीजों के बाद पार्टी आलाकमान पर छोड़ देना चाहिए।
पार्टी कार्यकर्ताओं से एकता बनाए रखने की अपील करते हुए उन्होंने कहा कि मैं हमेशा इस तरह की गतिविधियों से दूर रहता हूँ, लेकिन मुझे लगता है कि हर कोई इसे रोक देगा और यही पार्टी तथा पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए बेहतर है। उन्होंने आगे कहा कि समर्थकों को अंदरूनी चर्चाओं से भ्रमित नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं और जिन लोगों ने कांग्रेस पार्टी को वोट दिया है, उन्हें किसी दुविधा में नहीं डाला जाना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि समर्थकों को अंदरूनी चर्चाओं से भ्रमित नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं और जिन लोगों ने कांग्रेस पार्टी को वोट दिया है, उन्हें किसी दुविधा में नहीं डाला जाना चाहिए। पार्टी नेतृत्व की भूमिका को दोहराते हुए उन्होंने कहा, "मुझे लगता है कि इन सभी मामलों पर फ़ैसला लेने का अंतिम अधिकार कांग्रेस हाई कमान के पास है।
एक हफ़्ता पहले, चेन्निथला ने 9 अप्रैल को संपन्न हुए केरल विधानसभा चुनावों में कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) की निर्णायक जीत पर भरोसा जताया था। उन्होंने कहा कि एलडीएफ का शासन अब खत्म होने वाला है और राज्य के मतदाता राजनीतिक बदलाव के लिए तैयार हैं। अलाप्पुझा में एएनआई से बात करते हुए चेन्निथला ने कहा कि हमें इस विधानसभा चुनाव में शानदार जीत की उम्मीद है। कांग्रेस के नेतृत्व वाला UDF बहुमत हासिल करने और केरल में अगली सरकार बनाने को लेकर पूरी तरह आश्वस्त है। एलडीएफ का शासन अब खत्म होने वाला है और एक नए युग की शुरुआत होगी। केरल की जनता LDF से ऊब चुकी है और अब आगे बढ़ने के लिए तैयार है। नेतृत्व से जुड़े फ़ैसले कांग्रेस हाई कमान द्वारा लिए जाएँगे।