कोरोना ने निकाला ड्रैगन का दम, शंघाई में खाने के लिए नहीं बचा खाना और न ही क्वारंटीन सेंटर में रहने की है जगह

By अनुराग गुप्ता | Apr 15, 2022

बीजिंग। साल 2019 में चीन के वुहान शहर से निकले कोरोना वायरस ने दुनियाभर में हाहाकार मचाया है लेकिन सबसे ज्यादा परेशान चीन को ही किया है। आलम यह है कि चीन के शंघाई शहर में सख्त लॉकडाउन लगा हुआ है। जिसकी वजह से वहां की जनता काफी ज्यादा परेशान हो चुकी है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर शंघाई की जनता के चौंका देने वाले वीडियोज सामने आ रहे हैं। 

चीन में शुक्रवार को कोरोना के 3,400 से अधिक मामले सामने आए। इसके अलावा 20,700 ऐसे मामलों का भी पता चला जिनमें मरीजों में कोरोना के कोई लक्षण नजर नहीं आए। संक्रमण के अधिकतर मामले शंघाई में आए जहां, पिछले दो सप्ताह से महामारी के प्रसार को काबू में लाने के लिए लॉकडाउन जारी है। स्थानीय लोगों में भोजन और स्वास्थ्य सेवाओं की आपूर्ति को लेकर अंसतोष बढ़ता जा रहा है।

शंघाई में जीरो कोविड नीति के तहत सख्त लॉकडाउन लगाया गया है। जिसकी वजह से 2.5 करोड़ से ज्यादा लोग अपने घरों में कैद हैं और इसके बावजूद कोरोना के मामले कम होने का नाम नहीं ले रहे हैं। 

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सोशल मीडिया पर वायरल हो रही वीडियोज में स्थानीय लोगों का जनआक्रोश देखने को मिल रहा है। शंघाई में लाखों लोग भोजन की कमी, अपने पड़ोसियों को क्वारंटीन सेंटर्स तक पहुंचाने में देरी और रोजमर्रा की परेशानियों से जूझ रहे हैं। आपको बता दें कि शंघाई शहर कोरोना के ओमीक्रोन वेरिएंट के खिलाफ अपने सबसे कठिन समय से गुजर रहा है।

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