By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Oct 07, 2026
नयी दिल्ली, छह अक्टूबर सितंबर में राजधानी में हवा की गुणवत्ता में कुछ सुधार हुआ और मासिक औसत पीएम 2.5 का स्तर राष्ट्रीय मानकों से नीचे रहा, लेकिन हरियाणा प्रदूषण का बड़ा केंद्र बनकर उभरा है, क्योंकि देश के 10 सबसे प्रदूषित शहरों में से पांच इसी राज्य में हैं। ‘सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर’ (सीआरईए) के नए विश्लेषण से यह जानकारी मिली। दिल्ली में पीएम 2.5 की मासिक औसत सांद्रता 38 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज की गई, जो भारत के राष्ट्रीय परिवेशी वायु गुणवत्ता मानकों (एनएएक्यूएस) की 60 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर की सीमा से काफी कम और सुरक्षित स्तर पर है।
हरियाणा का पानीपत सितंबर में देश का सबसे प्रदूषित शहर रहा, जहां पीएम2.5 की मासिक औसत सांद्रता 78 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज की गई। यहां 29 में से 20 दिन पीएम 2.5 का स्तर राष्ट्रीय दैनिक मानक से अधिक रहा और कई दिन वायु गुणवत्ता ‘खराब’ तथा ‘बहुत खराब’ श्रेणी में दर्ज की गई। कुल मिलाकर, सबसे प्रदूषित 10 शहरों की सूची में हरियाणा के पांच शहर पानीपत, जींद, यमुनानगर, गुरुग्राम और मानेसर शामिल रहे।
वहीं, उत्तर प्रदेश के दो शहर खोड़ा और गोरखपुर इस सूची में रहे। इसके अलावा पंजाब, मध्यप्रदेश और असम के शहर भी शीर्ष 10 में शामिल रहे।