By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Apr 21, 2018
नयी दिल्ली। सेना के शीर्ष कमांडरों ने जम्मू कश्मीर में कट्टरपंथ की राह पर गए युवाओं को मुख्यधारा में लाने के लिए समन्वित रूख अपनाये जाने का समर्थन किया। सेना के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि 16 अप्रैल से शुरू हुए छह दिवसीय सम्मेलन में कमांडरों ने चीन के साथ लगी सीमा पर हालात के साथ ही सीमित बजटीय आवंटन में बल के आधुनिकीकरण सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की।
सैन्य कमांडर कल विशेष रूप से सैन्य अभियानों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करेंगे। चीन के साथ लगी तकरीबन 4000 किलोमीटर लंबी सीमा पर सेना की संपूर्ण संचालन तैयारियों पर भी ध्यान केंद्रित किया गया। शर्मा ने कहा कि सैन्य कमांडरों ने साइबर सुरक्षा और सैन्य प्रतिष्ठानों की सुरक्षा पर भी विचार-विमर्श किया।