गुजरात में दर्ज की गई अपराध में कमी, महिलाओं के खिलाफ भी कम क्राइम रेट

By प्रेस विज्ञप्ति | Sep 16, 2022

गांधीनगर। नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) हर साल सभी राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों में अपराध से संबंधित जानकारी एकत्रित कर ‘क्राइम इन इंडिया’ नामक पुस्तिका जारी करता है। इसमें प्रति एक लाख आबादी के सापेक्ष अपराधों की संख्या को अपराध दर (क्राइम रेट) कहा जाता है। ‘क्राइम इन इंडिया 2021’ के आंकड़ों के अनुसार गुजरात में विभिन्न प्रकार के अपराधों में राष्ट्रीय औसत की तुलना में उल्लेखनीय कमी नजर आई है। यह मुख्यमंत्री श्री भूपेंद्र पटेल की सरकार द्वारा किए गए उल्लेखनीय कानूनी संशोधन और मजबूत नेतृत्व के कारण संभव हुआ है।

 

इसे भी पढ़ें: सेमीकंडक्टर संयंत्र गुजरात में लगाने का फैसला पेशेवर आधार पर लिया गयाः वेदांता प्रमुख


हत्या, हत्या का प्रयास, बलात्कार, अपहरण और लूट जैसे हिंसक अपराधों के मामले में गुजरात का क्राइम रेट 11.9 है, जो देश के क्राइम रेट 30.2 की तुलना में बहुत कम है। इसके अलावा, वर्ष 2021 में गुजरात में हत्या का क्राइम रेट 1.4 है, जो राष्ट्रीय औसत 2.1 की तुलना में कम है। अपहरण के अपराधों के मामले में गुजरात का क्राइम रेट 2.3 है, जो राष्ट्रीय औसत 7.4 से कम है। यदि गुजरात में अपहरण के अपराधों के क्राइम ट्रेंड को देखें तो पिछले वर्षों की तुलना में इसमें लगातार कमी दर्ज की गई है। वर्ष 2018 में यह आंकड़ा 3.0 था, 2019 में 2.7 और वर्ष 2021 में 2.3 रहा है। महिलाओं के विरुद्ध अपराध के मामले में गुजरात का क्राइम रेट 22.1 है, जो ऑल इंडिया क्राइम रेट 64.5 की तुलना में बहुत कम है। आसाम (168.3), दिल्ली (147.6), तेलंगाना (119.7), राजस्थान (105.4), पश्चिम बंगाल (74.6) और केरल (73.3) जैसे अन्य राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों की तुलना में गुजरात में महिलाओं के खिलाफ अपराध की दर काफी कम है।


दूसरे एक उल्लेखनीय सुधार के अंतर्गत मानव शरीर के खिलाफ अपराध (हत्या, हत्या का प्रयास, गंभीर रूप से घायल और बलात्कार आदि) के मामले में राष्ट्रीय औसत क्राइम रेट 80.5 की तुलना में गुजरात का क्राइम रेट 28.6 रहा है। इस तरह के अपराध के क्राइम रेट में कुल 36 राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों में गुजरात का स्थान 31वां रहा है। चोरी के अपराध में गुजरात का क्राइम रेट 15.2 है, जो राष्ट्रीय क्राइम रेट 42.9 के मुकाबले काफी कम है और इस सूची में गुजरात 27वें नंबर पर है।

 

इसे भी पढ़ें: Prabhasakshi NewsRoom: ड्रग्स तस्करों के खिलाफ गुजरात पुलिस का सख्त एक्शन, अपराधियों में खलबली


कानून में संशोधन और टेक्नोलॉजी के उपयोग से परिणाम

राज्य में नए कानून बनाए गए हैं और पुराने कानूनों में संशोधन किया गया है। गुजकोट, जमीन हड़पने के विरुद्ध कानून, क्रिमिनल एमेंडमेंट एक्ट में फांसी की सजा तक का प्रावधान, चेन झपटमारी और मानव तस्करी जैसे अपराधों के कानूनों में सजा के मानदंडों में वृद्धि आदि के कारण अपराधियों में भय बढ़ गया है और इसके चलते अपराध में कमी दर्ज की गई है।


इसके अलावा पुलिस विभाग द्वारा टेक्नोलॉजी का अधिकतम उपयोग किया जा रहा है। ‘विश्वास प्रोजेक्ट’ के अंतर्गत सभी जिलों में 7 हजार से अधिक सीसीटीवी कैमरे कार्यरत किए गए हैं। 41 शहरों में वाहन चालकों को ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने पर ई-चालान जारी करने का कार्य शुरू किया गया है। इतना ही नहीं, पॉकेटकॉप, ई-गुजकॉप और ड्रोन कैमरा के उपयोग से तथा 1091 महिला हेल्पलाइन, 181 अभयम हेल्पलाइन, 1096 जीवन आस्था हेल्पलाइन, 100 पुलिस हेल्पलाइन और 1095 ट्रैफिक हेल्पलाइन के मार्फत नागरिकों की सुविधा में बढ़ोतरी हुई है और अपराधों पर लगाम कसने में मदद मिली है।

All the updates here:

प्रमुख खबरें

Indian Overseas Bank में बड़ा बवाल, Strike से पहले Officers का दफ्तर सील करने का आरोप

Supreme Court के फैसले के बाद Donald Trump का बड़ा एक्शन, 15% Global Tariff लगाने का संकेत

ICC Pre-Seeding विवाद पर बोले Sunil Gavaskar- टूर्नामेंट से पहले क्यों नहीं उठाए सवाल?

T20 World Cup Super 8: अजेय Team India के Playing XI पर Ravi Shastri की बड़ी टिप्पणी, इस खिलाड़ी पर सस्पेंस