By अनन्या मिश्रा | Jun 24, 2026
पीरियड्स के समय महिलाओं के शरीर में तेजी से हार्मोनल बदलाव होते हैं। इसका सीधा असर महिलाओं की एनर्जी, मूड और पाचन तंत्र पर प़ड़ता है। कई महिलाओं को इस दौरान ऐंठन, पेट दर्द, चिड़चिड़ापन और थकान जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इसलिए इस दौरान खानपान का विशेष ध्यान रखना जरूरी होता है। अक्सर महिलाओं को यह समझ नहीं आता है कि इन दिनों में क्या खाना चाहिए और किन चीजों से परहेज करना चाहिए। क्योंकि गलत खानपान न सिर्फ दर्द और असहजता बल्कि शरीर में सूजन और कमजोरी भी पैदा कर सकता है।
पीरियड्स में ज्यादा नमक वाले खाद्य पदार्थों का सेवन करने से शरीर में पानी जमा होने लगता है।
जिसकी वजह से शरीर में भारीपन, पेट फूलना या सूजन जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं।
नमकीन, चिप्स, पैकेज्ड फूड और प्रोसेस्ड स्नैक्स में नमक की ज्यादा मात्रा पाई जाती है। इसलिए सीमित मात्रा में इनता सेवन करना चाहिए।
पीरियड्स के दौरान हल्का और आरामदायक महसूस करने के लिए कम नमक वाला संतुलित खाना बेहतर ऑप्शन हो सकता है।
पीरियड्स के दौरान कॉफी, चाय, कोल्ड कॉफी और एनर्जी ड्रिंक्स का सेवन नहीं करना चाहिए। क्योंकि इसमें कैफीन ज्यादा होता है। इसलिए यह पीरियड्स के समय असहजता बढ़ा सकता है।
ज्यादा कैफीन का सेवन करने से शरीर में चिड़चिड़ापन, बेचैनी और नींद से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं।
वहीं कुछ महिलाओं को इस दौरान पेट की ऐंठन और सिरदर्द बढ़ सकता है।
पीरियड्स में कैफीन का सेवन कम करने और इसकी जगह नारियल पानी, पानी या फिर हर्बल ड्रिंक लेना चाहिए।
फास्ट फूड, पिज्जा, फ्रेंच फ्राइज, बर्गर और अन्य तली-भुनी चीजों में अनहेल्दी फैट ज्यादा मात्रा में होती है।
यह आपके पाचन तंत्र पर ज्यादा दबाव डाल सकते हैं और इससे अपच, पेट में भारीपन और गैस आदि की समस्या हो सकती है।
पीरियड्स में पहले ही शरीर कई हार्मोनल बदलावों से गुजर रहा होता है। ऐसे में जंक फूड का ज्यादा सेवन असहजता और पेट दर्द को बढ़ा सकता है।
पीरियड्स में मीठा खाने की इच्छा अधिक होना सामान्य बात है। लेकिन ज्यादा चीनी का सेवन सेहत के लिए नुकसानदायक होता है।
ज्यादा मीठा खाने से बीपी लेवल तेजी से बढ़ता और घटता है। जिस कारण थकान, मूड स्विंग्स और कमजोरी महसूस हो सकती है।
ज्यादा चीनी शरीर में सूजन बढ़ा सकती है।
इस दौरान अगर आपकी मीठा खाने का मन हो तो आप खजूर, फल या सीमित मात्रा में डार्क चॉकलेट आदि खा सकती हैं।
सॉफ्ट ड्रिंक्स और अन्य कार्बोनेटेड पेय पदार्थों में एक्स्ट्रा चीनी और गैस की मात्रा ज्यादा होती है।
पीरियड्स के दौरान इसके सेवन से गैस बनना, पेट फूलना और असहजता बढ़ती है।
कई बार यह ड्रिंक्स शरीर को पर्याप्त हाइड्रेटेड नहीं कर पाते हैं।
पीरियड्स में कोल्ड ड्रिंक्स की जह नींबू पानी, सादा पानी, ताजे फलों का जूस या नारियल पानी आदि पीना ज्यादा फायदेमंद माना जाता है।