Donald Trump ने Lake Ontario का नाम बदलकर Lake America करने का आदेश दिया

By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 28, 2026

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बृहस्पतिवार को कहा कि अमेरिका में लेक ओंटारियो को अब ‘‘लेक अमेरिका’’ के नाम से जाना जाएगा। कनाडा के साथ बढ़ते व्यापार विवाद के बीच उन्होंने झील का नाम बदलने का फैसला करते हुए एक कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए, जिसमें गृह मंत्रालय को अमेरिका की भौगोलिक नामकरण सेवा में झील का नाम बदलने का निर्देश दिया गया है। हालांकि, ट्रंप कनाडा को इस नाम का इस्तेमाल करने के लिए बाध्य नहीं कर सकते।

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उन्होंने यह भी सुझाव दिया है कि अमेरिका के इस पड़ोसी और सहयोगी देश को 51वां अमेरिकी राज्य बना दिया जाना चाहिए। कनाडा ने इस सप्ताह अमेरिकी आयात शुल्क के जवाब में 20 अरब डॉलर मूल्य के अमेरिकी सामान पर जवाबी शुल्क लगा दिया। इनमें इस्पात, डेयरी उत्पाद, घरेलू उपकरण और कृषि उपकरण शामिल हैं।

ट्रंप ने ओवल ऑफिस में ‘रेजोल्यूट डेस्क’ पर बैठकर आदेश पर हस्ताक्षर किए। उनके पीछे ग्रेट लेक्स का नक्शा लगा था, जिसमें लेक ओंटारियो के ऊपर बड़े लाल अक्षरों में ‘‘लेक अमेरिका’’ लिखा था। राष्ट्रपति के दूसरी ओर लगे एक अन्य नक्शे पर लिखा था, ‘‘ग्रेट लेक्स को और भी महान बनाना।’’ आदेश पर हस्ताक्षर करते हुए ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ‘‘सभी संबंधित लोगों को सूचित कर दिया है’’ और ‘‘जो कुछ करना था, वह सब कर दिया गया है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘यह आधिकारिक है, तत्काल प्रभाव से लागू।’’ हालांकि, ट्रंप द्वारा हस्ताक्षरित कार्यकारी आदेश में कहा गया है कि बदलाव 30 दिनों के भीतर किए जाने हैं।

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कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने इस कदम को खारिज करते हुए झील के इतिहास का हवाला दिया और कहा कि इसका नाम कनाडा के परिसंघ और अमेरिका की स्वतंत्रता की घोषणा से भी पहले का है। कार्नी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा कि कनाडाई ‘‘जानते हैं कि वास्तविकता को नाम देना क्या है—इसे लेक ओंटारियो कहना है, तब भी, अब भी और हमेशा।’’ नोवा स्कोटिया के प्रीमियर टिम ह्यूस्टन ने भी ट्रंप के कदम को खारिज करते हुए सोशल मीडिया पर लिखा, ‘‘अब तो हम वास्तव में मूर्खता की हद तक पहुंच गए हैं। यह लेक ओंटारियो है, दोस्त।’’ लेक ओंटारियो उन कई ग्रेट लेक्स में से एक है, जिनके किनारे अमेरिका और कनाडा की सीमाएं लगती हैं।

न्यूयॉर्क की डेमोक्रेटिक गवर्नर कैथी होकुल ने व्हाइट हाउस की घोषणा के जवाब में ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘न्यूयॉर्क इसे उस नाम से नहीं पुकारेगा।’’ ‘लेक ओंटारियो’ नाम ह्यूरॉन मूलनिवासी समुदाय के शब्द ‘‘ओनियातारी:इयो’’ से आया है, जिसका अर्थ ‘‘चमकते पानी की झील’’ है। 1867 में स्थापित ओंटारियो प्रांत का नाम भी इसी झील के नाम पर रखा गया था। ट्रंप का यह कदम पिछले साल मैक्सिको की खाड़ी का नाम बदलकर ‘‘गल्फ ऑफ अमेरिका’’ करने की ट्रंप की पहल की याद दिलाता है।

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ट्रंप ने कार्यकारी आदेश पर काले मार्कर से अपना नाम लिखा और उसे कैमरों के सामने दिखाते हुए कहा कि ‘‘सभी जरूरी कागजात, दस्तावेज और बाकी सब कुछ दाखिल कर दिया गया है।’’ उन्होंने संकेत दिया कि जल निकायों के नाम बदलने की उनकी मुहिम अभी खत्म नहीं हुई है। ट्रंप ने कहा, ‘‘अगर आप सोचें तो हमारे पास एक खाड़ी है और एक झील है। अब हमें सिर्फ एक महासागर की जरूरत है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘तो शायद हमें अटलांटिक और/या प्रशांत का नाम बदलना पड़े।

शायद हम ऐसा करेंगे।

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