US में Cyber Crime पर Donald Trump का बड़ा एक्शन, अंतरराष्ट्रीय गिरोहों पर अब कसेगा शिकंजा।

By Ankit Jaiswal | Mar 08, 2026

अमेरिका में बढ़ते ऑनलाइन अपराधों को लेकर सरकार अब सख्त कदम उठाने की तैयारी में नजर आ रही है। इसी कड़ी में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक अहम कार्यकारी आदेश पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसका मकसद साइबर अपराध, धोखाधड़ी और ठगी से जुड़े गिरोहों के खिलाफ व्यापक कार्रवाई करना है। मौजूद जानकारी के अनुसार इस आदेश के जरिए संघीय एजेंसियों को ऐसे अपराधों से निपटने के लिए कई नए निर्देश दिए गए हैं।

व्हाइट हाउस की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि राष्ट्रपति ट्रंप ऐसे विदेशी समर्थित आपराधिक नेटवर्क के खिलाफ उपलब्ध सभी संसाधनों का इस्तेमाल करना चाहते हैं, जो इंटरनेट के जरिए अमेरिकी नागरिकों को निशाना बनाते हैं। मौजूद जानकारी के अनुसार यह नेटवर्क अक्सर कमजोर और अनजान लोगों को निशाना बनाकर वित्तीय धोखाधड़ी और वसूली जैसे अपराध करते हैं।

इस आदेश के तहत प्रशासन के संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे अंतरराष्ट्रीय आपराधिक संगठनों द्वारा किए जा रहे साइबर अपराधों की पूरी समीक्षा करें। इसमें परिचालन, तकनीकी, कूटनीतिक और नियामक स्तर पर मौजूद व्यवस्थाओं का मूल्यांकन किया जाएगा, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन अपराधों को रोकने के लिए किन क्षेत्रों में सुधार की जरूरत है।

इसके साथ ही एक विस्तृत कार्य योजना तैयार करने को भी कहा गया है। मौजूद जानकारी के अनुसार इस योजना में उन अंतरराष्ट्रीय आपराधिक संगठनों की पहचान की जाएगी जो ठगी केंद्रों और साइबर अपराधों को संचालित कर रहे हैं। साथ ही उनके नेटवर्क को रोकने, बाधित करने और खत्म करने के लिए ठोस कदम सुझाए जाएंगे।

बता दें कि आदेश में न्याय विभाग को भी विशेष निर्देश दिए गए हैं। इसके तहत अटॉर्नी जनरल को साइबर माध्यम से की जाने वाली ठगी और धोखाधड़ी के मामलों में कड़ी कार्रवाई और अभियोजन को प्राथमिकता देने के लिए कहा गया है, ताकि बड़े अपराधियों को कानून के दायरे में लाया जा सके।

इसके अलावा आंतरिक सुरक्षा विभाग को राज्य और स्थानीय एजेंसियों के साथ मिलकर साइबर खतरों से निपटने के लिए प्रशिक्षण और तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। गौरतलब है कि इससे स्थानीय स्तर पर भी साइबर सुरक्षा को मजबूत करने में मदद मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

मौजूद जानकारी के अनुसार इस आदेश में ठगी के शिकार लोगों को राहत देने पर भी जोर दिया गया है। अटॉर्नी जनरल को यह सुझाव देने के लिए कहा गया है कि जब्त या बरामद की गई रकम को सीधे पीड़ितों को लौटाने के लिए एक विशेष कार्यक्रम शुरू किया जाए।

इसके साथ ही अमेरिकी विदेश मंत्री को अन्य देशों की सरकारों से बातचीत करने का भी निर्देश दिया गया है। इस बातचीत का उद्देश्य उन देशों से सख्त कार्रवाई की मांग करना है जहां से ऐसे अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्क संचालित हो रहे हैं। अगर कोई देश इन संगठनों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करता है तो उस पर प्रतिबंध, वीजा पाबंदी, आर्थिक सहायता में कटौती या संबंधित अधिकारियों को निष्कासित करने जैसे कदम उठाए जा सकते हैं।

गौरतलब है कि व्हाइट हाउस का कहना है कि अब तक पुरानी नीतियों, एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी और कड़े परिणामों की अनुपस्थिति के कारण ऐसे नेटवर्क पनपते रहे हैं। वहीं अधिकारियों का मानना है कि रैनसमवेयर हमले, फिशिंग, वित्तीय धोखाधड़ी, ब्लैकमेल और पहचान की नकल कर ठगी जैसे अपराध अब अलग-अलग घटनाएं नहीं रह गई हैं, बल्कि संगठित आपराधिक गिरोहों द्वारा चलाए जा रहे बड़े अभियान बन चुके हैं।

प्रमुख खबरें

कौन हैं वो सात सांसद जो राघव चड्ढा के साथ BJP में होंगे शामिल, सामने आए सभी नाम

Wedding से 30 दिन पहले पाएं जबरदस्त Bridal Glow, Expert ने बताए ये घरेलू Skin Care टिप्स

Udaipur Trip: Destination Wedding से परे, ये 4 जगहें बनाती हैं इसे Venice of the East

Bihar Politics: Floor Test में सम्राट चौधरी की बड़ी जीत, तेजस्वी को दिया करारा जवाब