By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Aug 03, 2026
भुवनेश्वर, तीन अगस्त राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू तीन दिवसीय दौरे पर आज दोपहर ओडिशा पहुंचेंगी। इस दौरान वह कटक और गंजाम जिलों में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगी। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
मंगलवार को राष्ट्रपति सुबह करीब नौ बजे भुवनेश्वर से गंजाम जिले के ब्रह्मपुर तक विशेष ट्रेन से यात्रा करेंगी। एक अधिकारी ने बताया कि राष्ट्रपति की ट्रेन यात्रा के दौरान सुरक्षा घेरा उपलब्ध कराया जाएगा और इस दौरान उसी रेल पटरी पर किसी अन्य ट्रेन का संचालन नहीं होगा। राष्ट्रपति की यात्रा को देखते हुए भुवनेश्वर और ब्रह्मपुर रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
वहां बम निरोधक दस्ते, श्वान दस्ता और यात्रियों के सामान की गहन जांच की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों ने बताया कि भुवनेश्वर रेलवे स्टेशन पर करीब 15 प्लाटून पुलिस बल के अलावा रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) और राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) के जवान भी तैनात किए गए हैं। ब्रह्मपुर पहुंचने के बाद राष्ट्रपति मुर्मू सनाखेमुंडी ब्लॉक में तप्तापानी गर्म जलस्रोत के निकट स्थित मां कांधुनी देवी मंदिर में दर्शन और पूजा-अर्चना करेंगी।
इसके बाद वह गोलाबंधा स्थित आर्मी एडी कॉलेज में रात्रि विश्राम करेंगी। पांच अगस्त को वह विशेष ट्रेन से भुवनेश्वर लौटेंगी और वहां से भारतीय वायुसेना के विशेष विमान से नयी दिल्ली रवाना होंगी। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया, ‘‘भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) द्वारा बारिश की संभावना के पूर्वानुमान को देखते हुए राष्ट्रपति की रेल यात्रा की व्यवस्था की गई है।’’ एक अधिकारी ने बताया कि ओडिशा पुलिस ने केंद्रीय एजेंसियों के साथ समन्वय कर ‘ब्लू बुक’ प्रोटोकॉल के अनुरूप भुवनेश्वर, कटक और गंजाम में व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं।
उन्होंने बताया कि भुवनेश्वर और कटक में करीब 40 प्लाटून पुलिस बल और लगभग 150 पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है। प्रत्येक कार्यक्रम स्थल की सुरक्षा की निगरानी के लिए पुलिस अधीक्षक (एसपी) स्तर के अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। राष्ट्रपति के पूरे दौरे के दौरान कमांडो उनके साथ रहेंगे।
गंजाम के जिलाधिकारी वी. कीर्ति वासन ने बताया कि राष्ट्रपति के दौरे से जुड़े सभी कार्यक्रम स्थलों को ‘उड़ान निषिद्ध क्षेत्र’ घोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि मंगलवार को राष्ट्रपति के मंदिर के दर्शन करने के दौरान राज्यपाल हरि बाबू कंभमपति और मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी भी उनके साथ मौजूद रह सकते हैं।