By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jan 26, 2026
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने सोमवार को कहा कि उसने चंडीगढ़ स्थित पीएसीएल (पर्ल्स ग्रुप) के खिलाफ धन शोधन की जांच के तहत 1,986 करोड़ रुपये से अधिक की नई संपत्तियों को कुर्क कर लिया है। इस समूह पर 48,000 करोड़ रुपये की पोंजी योजना को अंजाम देने का आरोप है।
इस नवीनतम कार्रवाई के बाद इस मामले में अब तक कुर्क की गई संपत्तियों का कुल मूल्य 7,589 करोड़ रुपये हो गया है। एक बयान में, एजेंसी ने कहा कि उसने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत पंजाब के लुधियाना और राजस्थान के जयपुर में स्थित 37 अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क कर लिया है, जिनका मूल्य 1,986.48 करोड़ रुपये है।
इसमें कहा गया है कि इस धोखाधड़ी से कथित तौर पर प्राप्त अवैध धन का एक हिस्सा इन 37 संपत्तियों को खरीदने के लिए इस्तेमाल किया गया था। ईडी की जांच पीएसीएल लिमिटेड, इसके दिवंगत प्रवर्तक निर्मल सिंह भंगू और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के एक मामले से जुड़ी है।
भंगू का निधन अगस्त 2024 में हुआ था। ईडी के अनुसार, पीएसीएल की कंपनियों और व्यक्तियों ने कृषि भूमि की बिक्री और विकास की आड़ में भारत भर के लाखों निवेशकों से धोखाधड़ी करके 60,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जुटाई। वर्ष 2016 में दर्ज किए गए इस मामले के तहत अब तक ईडी द्वारा तीन आरोप पत्र दायर किए जा चुके हैं।