By जे. पी. शुक्ला | Oct 17, 2026
नौकरी बदलने के बाद कर्मचारियों को अक्सर अपने पुराने प्रोविडेंट फंड (PF) अकाउंट से नए अकाउंट में बैलेंस ट्रांसफर करने या विड्रॉल फाइल करने में दिक्कत होती है। इसका सबसे आम कारण यह है कि पुरानी कंपनी ने एम्प्लॉइज प्रोविडेंट फंड ऑर्गनाइजेशन (EPFO) के रिकॉर्ड में डेट ऑफ एग्जिट (Date of Exit) रिकॉर्ड नहीं किया होता है। अगर यह डेट अपडेट नहीं होती है तो आपका PF ट्रांसफर और विड्रॉल दोनों प्रोसेस रुक सकते हैं।
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EPFO के अनुसार, पिछली नौकरी की Date of Exit दर्ज होना ऑनलाइन PF ट्रांसफर के लिए जरूरी है। इसके बिना पुराने PF खाते की सेवा अवधि और खाते से जुड़ी प्रक्रिया आगे बढ़ने में परेशानी हो सकती है।
EPFO ने कर्मचारियों को नियोक्ता पर निर्भरता कम करने के लिए खुद Date of Exit अपडेट करने की सुविधा दी है।
इस सुविधा का इस्तेमाल तुरंत नौकरी छोड़ने के बाद नहीं किया जा सकता। EPFO के आधिकारिक FAQ के मुताबिक:
- नौकरी छोड़ने के 60 दिन बाद कर्मचारी खुद Date of Exit अपडेट कर सकता है।
- UAN एक्टिव होना जरूरी है।
- UAN में आधार लिंक और सत्यापित होना चाहिए।
- OTP प्राप्त करने के लिए आधार से जुड़ा मोबाइल नंबर सक्रिय होना चाहिए।
- Date of Exit उस महीने की किसी तारीख को रखा जा सकता है, जिसमें पुराने नियोक्ता ने अंतिम PF योगदान किया था।
इसके लिए कर्मचारी को EPFO के Member Portal पर लॉगिन करना होगा। प्रक्रिया इस प्रकार है:
- EPFO Member Portal पर UAN और पासवर्ड से लॉगिन करें।
- Manage विकल्प पर जाएं।
- यहां Mark Exit विकल्प चुनें।
- Select Employment में पुराने PF खाते को चुनें।
- अपनी Date of Exit और Reason of Exit दर्ज करें।
- Request OTP पर क्लिक करें।
- आधार से जुड़े मोबाइल नंबर पर आए OTP को दर्ज करें।
- संबंधित चेकबॉक्स में सहमति देकर Update पर क्लिक करें।
- इसके बाद Date of Exit अपडेट हो जाएगी।
Date of Exit मनमाने तरीके से नहीं डालनी चाहिए। EPFO के अनुसार यह उस महीने के भीतर की तारीख हो सकती है, जिसमें नियोक्ता ने आखिरी PF योगदान किया था। साथ ही, एक बार Date of Exit दर्ज होने के बाद उसे बदलने की सुविधा सीमित हो सकती है, इसलिए जानकारी भरने से पहले रिकॉर्ड अच्छी तरह जांच लें।
Date of Exit अपडेट होने के बाद कर्मचारी ऑनलाइन PF ट्रांसफर की प्रक्रिया आगे बढ़ा सकता है। EPFO के अनुसार ट्रांसफर के लिए UAN एक्टिव होना तथा जरूरी KYC जानकारी, जैसे आधार और बैंक खाता, UAN से जुड़ा होना भी महत्वपूर्ण है।
Date of Exit अपडेट करने के नाम पर किसी एजेंट या अनजान व्यक्ति को UAN, पासवर्ड, OTP या बैंक संबंधी जानकारी न दें। EPFO अपने सदस्यों को ऐसे संवेदनशील विवरण साझा न करने की चेतावनी देता है।
अगर पुराने PF खाते की Date of Exit दर्ज नहीं है और इसी वजह से ट्रांसफर अटका हुआ है, तो 60 दिन पूरे होने के बाद कर्मचारी खुद UAN Member Portal पर इसे अपडेट कर सकता है। इससे पुराने नियोक्ता के पीछे भागने की जरूरत कम होती है और PF ट्रांसफर की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकती है।
- जे. पी. शुक्ला