By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Jun 18, 2021
मुंबई। मुंबई के कांदिवली में एक निजी अस्पताल के नाम पर कोविड-19 टीकाकरण शिविर लगाकर एक हाउसिंग सोसाइटी के लोगों से धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया। एक अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। पुलिस के पास दर्ज कराई गई शिकायत में हीरानंदानी हेरिटेज रेजीडेंट्स वेलफ़ेयर एसोसिएशन (एचआरडब्ल्यूए) ने कहा कि 30 मई को आवासीय परिसर में टीकाकरण शिविर का आयोजन किया गया था। लेकिन बाद में कोविन पोर्टल पर इस अभियान में शामिल किसी भी व्यक्ति का नाम नहीं दिखा। इन लोगों को विभिन्न अस्पतालों के नाम पर सर्टिफिकेट भी मिले थे।
यह टीकाकरण शिविर 30 मई को सोसाइटीके क्लब हाउस में आयोजित किया गया था और प्रत्येक व्यक्ति ने टीके के लिए 1,260 रुपये की राशि दी थी। उन्होंने बताया कि सोसाइटी ने संयुक्त तौर पर आयोजक को 4.56 लाख रुपये की राशि दी थी। इसके बाद टीका लेनेवाले लोगों ने जब टीकाकरण सर्टिफिकेट की मांग की तो आयोजकों ने उनसे जानकारियां मांगी। हालांकि तीन अलग संगठनों से सर्टिफिकेट मिलने के बाद सोसाइटी में रहनेवाले और इस अभियान का हिस्सा रहे एक व्यक्ति ने कांदिवली पुलिस थाने में आयोजकों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।
उन्होंने बताया, ‘‘शिकायत में कहा गया है कि आयोजकों ने उन शीशियों से टीके दिए, जिन्हें पहले ही खोला जा चुका था।’’ अधिकारी ने बताया कि जांच के दौरान पता चला कि बृह्नमुंबई महानगरपालिका ने आयोजक को शिविर लगाने की अनुमति नहीं दी थी और अभियान के दौरान कोई चिकित्सा अधिकारी मौजूद नहीं था। वहीं ऐसा भी प्रतीत हुआ है कि शिविर में इस्तेमाल किए गए टीके अधिकृत व्यक्ति से नहीं हासिल किए गए थे।