By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Oct 22, 2020
इसके बाद ट्विटर को सोशल मीडिया का उपयोग करने वालों से तीखी प्रतिक्रिया और आलोचना का सामना करना पड़ा। सोशल मीडिया का उपयोग करने वाले नागरिकों ने ट्विटर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई किये जाने की मांग की। इस सप्ताह की शुरूआत में ट्विटर ने इसे तकनीकी मसला बताया और कहा कि इसका समाधान कर दिया गया है। सूत्रों के अनुसार साहनी ने बुधवार शाम ट्विटर को भेजे पत्र में कहा कि भारत की संप्रभुता और अखंडता का अनादर करने का इस तरह का कोई भी प्रयास न सिर्फ ट्विटर की प्रतिष्ठा को कम करता है, बल्कि यह एक मंच होने के नाते ट्विटर की निष्पक्षता को भी संदिग्ध बनाता है। सचिव ने अपने पत्र में ट्विटर को याद दिलाया है कि लेह केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख का मुख्यालय है। लद्दाख और जम्मू-कश्मीर दोनों भारत के अभिन्न व अविभाज्य अंग हैं तथा भारत के संविधान से प्रशासित हैं। सरकार ने ट्विटर को भारतीय नागरिकों की संवेदनशीलता का सम्मान करने को कहा है।
सरकार ने यह भी साफ कहा है कि भारत की संप्रभुता व अखंडता का अनादर करने का ट्विटर का कोई भी प्रयास पूरी तरह से गैरकानूनी और अस्वीकार्य है। इस बारे में संपर्क किये जाने पर सोशल मीडिया मंच ने ई-मेल के जरिये दिये जवाब में कहा, ‘‘ट्विटर भारत सरकार के साथ मिलकर काम करने को प्रतिबद्ध है। हम इससे जुड़ी संवेदनशीलता का सम्मान करते हैं और पत्र की बातों को पूरी तरह से स्वीकार करते हैं।