By अभिनय आकाश | Sep 19, 2026
एचएएल ने एक साथ तीन बड़ी उपलब्धियां देश के सामने रखी हैं। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू की मौजूदगी में एचएल ने भारतीय वायुसेना को दो सीट वाले एलसीए तेजस एफओसी ट्रेनर के अंतिम बैच के विमान सौंपे। इसके साथ ही स्वदेशी एचटीटी 40 बेसिक ट्रेनर विमान की सीरीज प्रोडक्शन का पहला विमान भी वायुसेना को सौंपा गया। वहीं पवन हंस लिमिटेड को चार ध्रुव नेक्स्ट जनरेशन हेलीकॉप्टर दिए गए। इस मौके पर राजनाथ सिंह ने कहा कि देश तीन महत्वपूर्ण उपलब्धियों का गवाह बना है। इसमें स्वदेशी ध्रुव नेक्स्ट जनरेशन सिविल हेलीकॉप्टर को डीजीसीए का टाइप सर्टिफिकेशन मिलना, एलसीएफओसी ट्रेनर के अंतिम बैच की वायुसेना को डिलीवरी और एचटीटी 40 बेसिक ट्रेनर सीरीज प्रोडक्शन के पहले विमान की डिलीवरी शामिल है। एक साथ तीन इंपॉर्टेंट अचीवमेंट्स के साक्षी बने हैं। पहला इंडजसली डिज़ एंड डेवलप्ड ध्रुव नेक्स्ट जनरेशन सिविल हेलीकॉप्टर को डीजीसीए द्वारा टाइप सर्टिफिकेशन प्रदान कर हैंड ओवर किया गया है। दूसरा एलसीए फाइनल ऑपरेशनल क्लीयरेंस यानी एफओसी ट्रेनर के अंतिम बैच को इंडियन एयरफोर्स को हैंड ओवर किया गया है। एचटीटी 40 बेसिक ट्रेनर सीरीज प्रोडक्शन का पहला एयरक्राफ्ट इंडियन एयरफोर्स को हैंड ओवर किया गया है। इन डिलीवरी के साथ एचएल ने सैन्य और सिविल दोनों तरह के एयररोस्पेस सेक्टर में स्वदेशी क्षमता का प्रदर्शन किया।
रक्षा मंत्री ने इस मौके पर सिविल एिएशन और डिफेंस एयररोस्पेस के बीच बढ़ती साझेदारी पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत का एरोस्पेस सेक्टर सिर्फ रक्षा जरूरतों को पूरा करने तक सीमित नहीं रहना चाहिए और देश का ऐसा इकोसिस्टम तैयार करना होगा जो सिविल और मिलिट्री दोनों एिएशन सेक्टर की जरूरतें पूरी कर सके। साथियों आज के आयोजन का एक और महत्वपूर्ण एस्पेक्ट है और वह है सिविल एिएशन और डिफेंस एयररोस्पेस कैपेबिलिटीज के बीच बढ़ती सिनर्जी का। एक मजबूत एयररोस्पेस इंडस्ट्री का विकास केवल डिफेंस रिक्वायरमेंट्स को फुलफिल करने तक सीमित नहीं होना चाहिए। हमें ऐसा इकोसिस्टम विकसित करना है जो सिविल और मिलिट्री एिएशन दोनों सेक्टर्स की रिक्वायरमेंट्स को इफेक्टिवली एड्रेस कर सके।
एनवायरमेंट में कंबैट इफेक्टिवनेस को वेल ट्रेंड पर्सनल एडवांस टेक्नोलॉजी इंटीग्रेटेड सिस्टम्स और रैपिड डिसीजन मेकिंग इत्याद का कॉम्बिनेशन ही इंश्योर कर पाएगा। एलएसी एफओसी ट्रेनर हमारे पायलट्स को इसी डिमांडिंग ऑपरेशनल एनवायरमेंट के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण कंट्रीब्यूशन करेगा। ऐसा मेरा विश्वास है। राजनाथ सिंह ने कहा कि एयरक्राफ्ट डिजाइन एयनिक्स प्रोपशन कंपोजिट मटेरियल फ्लाइट कंट्रोल सिस्टम मैन्युफैक्चरिंग और सर्टिफिकेशन जैसी क्षमताएं देश में विकसित होने से पूरे एरोस्पेस सेक्टर को फायदा होगा।