हिमाचल की लाहौल घाटी में बादल फटने से मची भारी तबाही

By विजयेन्दर शर्मा | Jul 28, 2021

शिमला। हिमाचल प्रदेश में हो रही बरसात ने एक बार फिर कहर बरपाया है भारी बारिश के चलते भारी तबाही हुई है। पानी के तेज बहाव में बहे लोगों में से दो के शव बरामद किये गये हैं बाकियों की तलाश में सर्च अभियान जारी है खराब मौसम की वजह से कई इलाकों का संपर्क सड़क मार्ग से कट गया है व पेयजल संचार व विद्युत व्यवस्था चरमरा गई है। लाहौल घाटी में कई स्थानों पर बादल फटने से तबाही मची है लाहौल स्पीति प्रशासन की ओर से आपदा मोचन बल के यूनिट की मांग की गई है। जिलाधीश घटना स्थल की ओर रवाना हो गए हैं।  वहीं एसपी मानव वर्मा ने बताया कि डीएसपी के नेतृत्व में बचाव दल डीडीएमए, आईटीबीपी और बीआरओ के कर्मियों के साथ मौके पर डटे हुए हैं। बताया जा रहा है कि लाहौल घाटी के कई स्थानो पर बादल फटने से भारी तबाही मची है बादल फटने से केलंग के शक्स नाले सहित, बिलिंग, लौट, शंशा, जाहलमा, कमरिंग व थिरोट नाले में बाढ़ आ गई।  बाढ़ आने से मनाली लेह मार्ग अबरुद्ध हो गया। उदयपुर केलंग का सम्पर्क कट हुआ है । इस अचानक आयी बाढ़ में जाहलमा नाले का पुल बह गया है । काजा मार्ग पर छोटा दड़ा नाले में बाढ़ आ गई जिससे काजा से आ रहे वाहन बातल व मनाली ग्राम्फू से काजा जा रहे वाहन छतड़डू में फंस गए हैं।

इसे भी पढ़ें: हिमाचल में कहर बरपा रही बरसात से मरने वालों की तादाद 192 पर पहुंची

नालों में आई बाढ़ में दस लोग बह गए हैं। जिनकी तलाश में हिमाचल पुलिस और आइटीबीपी जवानों ने सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है। सुबह तोजिंग नाले में दो लोगों के शव बरामद कर लिए गए हैं। आपदा प्रबंधन निदेशक सुदेश मोख्टा ने बताया मजदूरों के दो टेंट और एक जेसीबी मशीन व एक गाड़ी भी बाढ़ की चपेट में आई है। इसके अलावा एक 19 वर्षीय एक युवक घायल हुआ है, जिसे प्रशासन ने अस्पताल पहुंचा दिया है। 19 वर्षीय मोहम्मद अलताफ जम्मू कश्मीर का रहने वाला है। बचाव दल ने 38 वर्षीय  सेना के जवान मोहन सिंह पुत्र लाल चंद निवासी उदयपुर को भी रेस्क्यू किया है। बीआरओ ने सड़क बहाली का कार्य आरम्भ कर दिया है  लेकिन अचानक तोजिंग नाले में बाढ़ से बीआरओ के एक मजदूर की मौत हुई है  आठ लोग अभी भी लापता है । दस लोग पानी में बह गये थे जिनमें दो के शव बरामद हो गये हैं राहत व बचाब कार्य युद्धस्तर पर जारी है लेकिन खराब मौसम व बारिश होने से दिक्क़ते आ रही है।

जिला प्रशासन ने जिले में आपदा बचाब के लिये एनडीआर एफ के दल बुला लिया है ताकि राहत व बचाब कार्य मे तेजी आये। ज़िले की म्याड़ घाटी में भी बादल फटने की घटना से म्यार नाला उफान पर है लेकिन संचार व्यबस्था ठप्प होने से घटना की सूचना नही मिल पा रही है और सड़क मार्ग जगह जगह अवरुद्ध होने से म्यार घाटी पहुँचना मुश्किल हो रहा है। लाहौल- स्पिती  में हो रही भारी बारिश के मनाली- लेह मार्ग तथा केलांग- उदयपुर मार्ग अभी भी वाहनों की आवाजाही के लिए बंद है।  पर्यटकों व स्थानीय जनता की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वाहनों को मनाली से आगे जाने की अनुमति नहीं दी गई है।

इसे भी पढ़ें: हिमाचल प्रदेश: किन्नौर हादसे के नौ मृतकों के शव परिजनों को सौंपे गए, 80 पर्यटक अभी भी फंसे

जगह-जगह भूस्खलन, लहासे व चट्टाने गिरने से चंडीगढ मनाली व मनाली लेह मार्ग यातायात के लिए बंद किया गया है मण्ड़ी जिला के हणोगी के पास भूस्खलन हुआ है जिस कारण मण्ड़ी- कुल्लू हणोगी के पास सड़क अवरुद्ध हो गई और मण्ड़ी- कटौला- बजौरा सड़क भी कण्ड़ी के पास भूस्खलन के कारण बंद हो गई । मनाली -लेह मार्ग अवरुद्ध है, मार्ग के बहाल होने तक वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है सैलानियों व आम लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वाहनों  को मनाली से आगे बहरहाल जाने की अनुमति नहीं है  जिससे पर्यटक मनाली में ही रूके हैं।

सीमा सड़क संगठन के अनुसार मार्ग बहाल करने में लगा है

वहीं जिला कुल्लू की पार्वती नदी में अचानक जलस्तर बढ़ने से किनारे से गुजर रहे मां और बेटा बह गए। 25 पूनम अपने चार साल के बेटे निकुंज के साथ किनारे से गुजर रही थी, तभी अचानक पानी बढ़ने से वह बहाव की चपेट में आ गए। उनकी भी तालाश जारी है।

प्रमुख खबरें

Rahul Gandhi पर Devendra Fadnavis का तीखा हमला, लगाया विदेशी साजिश का आरोप

UP Government ने कर्मचारियों को दिया दिवाली तोहफा, 30 दिन के बोनस का ऐलान

PM Modi का 21 नवंबर को Vaishali दौरा, औद्योगिक गलियारा परियोजनाओं की देंगे सौगात

Foreign Secretary Vikram Misri ने काठमांडू में नेपाल के नेता Ravi Lamichhane से की द्विपक्षीय बातचीत