Yogi Adityanath Birthday: कैसे बने 'Bulldozer Baba', UP की Politics में ऐसे लिखी सफलता की कहानी

By अनन्या मिश्रा | Jun 05, 2026

आज यानी की 05 जून को योगी आदित्यनाथ अपना 54वां जन्मदिन मना रहे हैं। योगी आदित्यनाथ हिंदुत्व के पुरोधा कहे जाते हैं। वह गोरक्षपीठ के महंत से लेकर कुशल राजन‍ीतिज्ञ बनकर उभरे। गोरक्षपीठ के कठिन प्रबंधन की जिम्मेदारी को निभाते हुए यूपी के विकास में रोड़ा बनने वाले माफिया के मंसूबे को अपने बुलडोजर ध्वस्त कर दिया। योगी आदित्यनाथ ने विकास की राह में आने वाली बाधाओं के चक्रव्यूह को तोड़ दिया। तो आइए जानते हैं उनके जन्मदिन के मौके पर योगी आदित्यनाथ के जीवन से जुड़ी कुछ रोचक बातों के बारे में...

सियासी सफर

साल 1996 के लोकसभा चुनाव में महंत अवेद्यनाथ के चुनाव का संचालन किया था। साल 1998 में गुरुदेव महंत अवेद्यनाथ ने इनको अपना उत्तराधिकारी घोषित कर लोकसभा प्रत्याशी बनाया। 26 साल की उम्र में लोकसभा चुनाव जीतकर योगी आदित्यनाथ ने सियासी सफर शुरू किया। इनको सबसे कम उम्रके सांसद होने का भी गौरव प्राप्त है। योगी आदित्यनाथ ने जब गुरु गोरक्षनाथ मंदिर के उत्तराधिकारी के रूप में कार्यभार संभाला, तो इस दौरान उन पर महाराणा प्रताप शिक्षा परिषद के अंतर्गत संचालित होने वाले स्कूल-कालेजों और गोरक्षपीठ की भी जिम्मेदारी रही।

भाजपा के दिखाए बगावती तेवर

साल 2007 के विधानसभा चुनाव और 2009 के लोकसभा चुनाव के दौरान बीजेपी शीर्ष नेतृत्व में उथल-पुथल चल रही थी। वहीं योगी ने पार्टी की गिरती साख को लेकर बगावती तेवर भी दिखाए साल 2007 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी के उनके प्रति लचीले रवैये के कारण हिंदू युवा वाहिनी से प्रत्याशियों की घोषणा करने का ऐलान किया। इससे बीजेपी खेमे सहित सियासी गलियारों में खलबली मच गई। जिसके बाद शीर्ष नेतृत्व ने योगी के पार्टी में कद को महत्व दिया। जिसके बाद योगी ने पूर्वी उत्तर प्रदेश सहित पूर्वांचल में अपनी साख बनाए रखने का मन बनाया। इसका फायदा बीजेपी को मिला। वहीं योगी का कद भी दिन प्रति दिन बढ़ता गया।

मुख्यमंत्री पद की शपथ

साल 2014 के लोकसभा चुनाव में योगी आदित्यनाथ ने ताबड़तोड़ रैलियां कर स्टार प्रचारक की भूमिका निभाई। गोरखपुर से चुनाव जीतकर अपनी हनक कायम की। साल 2017 के विधानसभा चुनाव के बाद 19 मार्च 2017 को यूपी के सीएम पद की शपथ ली। यूपी सहित देश के कई राज्यों में प्रचार कमान संभालकर वह भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशियों की जीत सुनिश्चित कर गेम चेंजर बने। सीएम योगी के हिंदुत्व के मुद्दे पर किसी को शक नहीं है।

साल 2022 के विधानसभा चुनाव में गोरखपुर की सभी 9 सीटों पर जीत हासिल करने के साथ पूर्वांचल और यूपी की सीटों पर रिकॉर्ड मतों से जीत दिलाने का श्रेय जाता है। वहीं हर जाति, मजहब और वर्ग के लोगों को योगी आदित्यनाथ को उम्मीद है। उसी के बूते योगी 2.0 के सफल चार साल पूरे कर लिए हैं। वहीं सीएम के रूप में योगी आदित्यनाथ का कद लगातार बढ़ता जा रहा है। वहीं यूपी और देश के लोग उनको भविष्य के प्रधानमंत्री के रूप में कुशल राजनेता के तौर पर देख रहे हैं।

प्रमुख खबरें

Hyderabad Liberation Day पर मुख्य अतिथि होंगे उपराष्ट्रपति C P Radhakrishnan, केंद्र करेगा आयोजन

Ovarian Cyst के लक्षण और कारण, ज्यादातर मामलों में बिना Surgery संभव है इलाज

Love Horoscope For 15 September 2026 | आज का प्रेम राशिफल 15 सितंबर 2026 | प्रेमियों के लिए कैसा रहेगा आज का दिन

Bigg Boss 20 में घमासान: किचन के काम और खाने को लेकर भिड़ीं Amrapali Dubey और Mahhi Vij, रोते हुए बाहर निकलीं माही