By प्रभासाक्षी न्यूज़ डेस्क | Sep 27, 2026
भारत में टिकाऊ उपभोक्ता वस्तुओं का बाजार 2030 तक बढ़कर तीन से 3.25 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है। बोस्टन कंसल्टिंग ग्रुप (बीसीजी) और उद्योग मंडल भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) की संयुक्त रिपोर्ट में यह बात कही गई है। रिपोर्ट के अनुसार, इससे घरेलू स्तर पर सामग्री और कलपुर्जों के विनिर्माण में 40,000-50,000 करोड़ रुपये के अतिरिक्त मूल्यवर्धन का अवसर पैदा होगा।
वहीं अमेरिका में तीन प्रतिशत और जापान में एक-तीन प्रतिशत की सालाना वृद्धि का अनुमान है। रिपोर्ट में कहा गया, ‘‘भारत प्रमुख टिकाऊ उपभोक्ता सामान के बाजारों में सबसे तेजी से बढ़ने वाला बाजार बना रहेगा। इसके 2030 तक सालाना 8-10 प्रतिशत की दर से बढ़कर 30-35 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है।
रूम एयर कंडीशनर (आरएसी) इस बाजार की वृद्धि में प्रमुख भूमिका निभाएगा।’’ हालांकि, रिपोर्ट ने आगाह किया कि घरेलू स्तर पर कलपुर्जों और सामग्री के विनिर्माण की क्षमता नहीं बढ़ाई गई तो इस अवसर का एक बड़ा हिस्सा आयात के जरिये पूरा होता रह सकता है।