By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Dec 20, 2024
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भागवत ने बृहस्पतिवार को कहा कि विश्व को एक ‘गुरु’ की जरूरत है और भारत वह ‘गुरु’ बन सकता है। वह ‘विश्वगुरु भारत’ विषय पर एक कार्यक्रम में व्याख्यान दे रहे थे।
उन्होंने कहा, ‘‘दुनिया को एक गुरु की जरूरत है और भारत वह गुरु हो सकता है। हमारा देश परोपकार के लिए तैयार है। हमें दूसरों के ईश्वर का मजाक नहीं उड़ाना चाहिए। हमें दुनिया भर में सभी के साथ सद्भाव से रहना चाहिए।’’ संविधान के बारे में बात करते हुए आरएसएस प्रमुख ने कहा कि इसकी प्रस्तावना के साथ-साथ नागरिकों के अधिकारों को भी नहीं बदला जा सकता।