By रेनू तिवारी | Oct 05, 2026
वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं और चुनौतियों के दौर के बीच भारतीय अर्थव्यवस्था मजबूत और स्थिर स्थिति में खड़ी है। टाटा संस (Tata Sons) के चेयरमैन एन. चंद्रशेखरन ने सोमवार को भारतीय अर्थव्यवस्था के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि देश के सभी प्रमुख आर्थिक संकेतक (Economic Indicators) बेहद मजबूत हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि दीर्घकालिक आर्थिक वृद्धि (Long-term Economic Growth) को बनाए रखने के लिए ऊर्जा सुरक्षा, उन्नत विनिर्माण क्षेत्र में रोजगार और मानव पूंजी में निवेश बेहद "महत्वपूर्ण" हैं। चंद्रशेखरन इंडियन फाउंडेशन फॉर क्वालिटी मैनेजमेंट (IFQM) संगोष्ठी 2026 को संबोधित कर रहे थे।
इसको साकार करने के लिए विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचा, संस्थान और बौद्धिक संपदा तैयार करके समावेशी एवं टिकाऊ विकास सुनिश्चित करना होगा। ये तीनों महत्वपूर्ण होंगे।’’ चंद्रशेखरन ने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था बहुत अच्छा प्रदर्शन कर रही है और पिछले कई वर्षों में उसने लगातार उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन करते हुए ‘‘एक अनिश्चित और मुश्किल दुनिया में’’ सबसे अधिक वृद्धि दर्ज की है। चंद्रशेखरन ने कहा कि भारत की वृद्धि मजबूत घरेलू मांग, सेवा निर्यात और सरकार की अनुकूल नीतिगत परिस्थितियों से संचालित हो रही है। उन्होंने कहा कि यह कहना उचित होगा कि आर्थिक संकेतक मजबूत हैं।
उन्होंने वाहन बिक्री, ऋण, बिजली और सीमेंट की मांग में मजबूत वृद्धि का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि समग्र अर्थव्यवस्था मजबूत है और चालू खाते का घाटा लगातार सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के एक प्रतिशत से कम रहने, जीडीपी के करीब 11 प्रतिशत के बराबर सेवा निर्यात, विदेशी मुद्रा भंडार के मजबूत स्तर और बैंकों की गैर-निष्पादित परिसंपत्तियों (एनपीए) की बेहतर स्थिति समेत कई संकेतक बताते हैं कि भारत स्थिर और मजबूत स्थिति में है। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक वृद्धि को कायम रखने के लिए कई चीजों को साथ लेकर चलना होगा।
उन्होंने ऊर्जा सुरक्षा, उन्नत और सटीक विनिर्माण क्षेत्र में रोजगार तथा मानव पूंजी में निवेश को दीर्घकालिक वृद्धि को कायम रखने के लिए ‘‘महत्वपूर्ण’’ बताया। चंद्रशेखरन ने साथ ही भारतीय विनिर्माताओं से गुणवत्ता और अन्य कारकों के साथ-साथ टिकाऊ विनिर्माण प्रक्रियाओं को भी अपनाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, ‘‘इसे हमारी पूरी विनिर्माण महत्वाकांक्षा का हिस्सा बनाना होगा।