By अभिनय आकाश | Aug 08, 2026
पाकिस्तान में चारों तरफ विद्रोह भड़का हुआ है। लगातार मार-काट की तस्वीरें सामने आ रही है। लेकिन मुनीर और शहबाज इन सबको नजरअंदाज करके अलग ही खेल में लगे हुए हैं। कभी मुनीर शहबाज ईरान की तरफ से बैटिंग करते हैं तो कभी अमेरिका की तरफ से। लेकिन इस बार इनकी गर्दन ऐसी फंसी है कि सारी हेकरी निकल गई और बुरी तरह से फड़फड़ा रहे हैं। दरअसल ईरान की ओर से लगातार उन मुस्लिम देशों में हमले किए जा रहे हैं जहां अमेरिका की सेना या सैन्य अड्डे हैं। उन्हीं में से एक सऊदी अरब भी है जो इन दिनों हमलों की सबसे ज्यादा मार झेल रहा है। वही सऊदी जिसने कुछ समय पहले पाकिस्तान के साथ एक समझौता किया था कि अगर दोनों देशों में से किसी एक पर हमला होता है तो वो दोनों देशों पर ही हमला माना जाएगा। ये एक डिफेंस डील की गई और इस डील के तहत एक दूसरे की मदद भी की जाएगी।
हूती ने दावा किया है कि सऊदी समर्थित बलों को निशाना बनाया गया और बड़ी संख्या में हताहत हुए। यह हमला तब हुआ जब पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ और आर्मी चीफ आसिम मुनीर सऊदी में ही मौजूद थे। सीधे तौर पर इस्लामाबाद के लिए भूति विद्रोहियों ने एक कड़ा संदेश भी दिया है कि पाकिस्तान की सैनिक गारंटी के बावजूद पूछे हटने वाले नहीं। 2022 के युद्ध विराम के बाद यह पहला मौका है जब सऊदी अरब की सीमा पर तनाव इस कदर चरम पर पहुंच गया है। अब पूरी दुनिया की नजरें इस बात पर टिकी हुई है कि रियाद में जुटने जा रहे सऊदी अरब तुर्की और पाकिस्तान के शीर्ष नेता हूती विद्रियों और ईरान समर्थित मिलीशिया के इस सीधे चैलेंज का क्या जवाब देते हैं?