Hormuz Strait पर Iran नरम पड़ा, USA-Israel को छोड़ दुनिया के लिए खोला रास्ता

By एकता | Mar 22, 2026

ईरान ने दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते 'होर्मुज़ जलडमरूमध्य' को लेकर अपने रुख में थोड़ी नरमी दिखाई है। संयुक्त राष्ट्र में ईरान के प्रतिनिधि अली मौसवी ने कहा है कि यह जलमार्ग उन सभी जहाजों के लिए खुला रहेगा जिनका संबंध 'ईरान के दुश्मनों' (अमेरिका और इजरायल) से नहीं है।

इसे भी पढ़ें: जहां बसते हैं 7500 भारतीय, Israel के उस Dimona शहर पर Iran का Missile हमला, हर तरफ तबाही

कूटनीति को प्राथमिकता, पर हमलों का भी दिया हवाला

ईरानी प्रतिनिधि ने अंतर्राष्ट्रीय समुद्री संगठन के साथ सहयोग करने की इच्छा जताई है ताकि खाड़ी क्षेत्र में नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। हालांकि, उन्होंने यह भी तर्क दिया कि इस तनाव की असली वजह इजरायल और अमेरिका द्वारा ईरान पर किए जा रहे हमले हैं।

मौसवी के अनुसार, ईरान अभी भी कूटनीति को प्राथमिकता दे रहा है, लेकिन शांति के लिए बाहरी आक्रामकता का रुकना और आपसी भरोसा कायम होना बेहद जरूरी है। बता दें कि 28 फरवरी से ईरान ने इस रास्ते को बंद कर रखा था, जिससे दुनिया भर में ऊर्जा संकट का खतरा पैदा हो गया है।

इसे भी पढ़ें: ईरान की मिसाइल रेंज में आए यूरोप के बड़े शहर; इजरायल ने 4000 KM मारक क्षमता का किया खुलासा

वैश्विक तेल सप्लाई पर मंडराता खतरा

होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया की कुल तेल और गैस सप्लाई के लगभग पांचवें हिस्से का मुख्य जरिया है। ईरान ने पहले संकल्प लिया था कि वह अमेरिका और इजरायल तक एक लीटर तेल भी नहीं पहुंचने देगा। इस तनाव के बीच अमेरिका ने जहाजों को सुरक्षा देने के लिए एक नौसैनिक गठबंधन बनाने की कोशिश की थी, लेकिन अधिकांश नाटो सहयोगियों ने इसमें शामिल होने से इनकार कर दिया है। सहयोगी देशों का कहना है कि वे ईरान के खिलाफ किसी भी सैन्य टकराव का हिस्सा नहीं बनना चाहते। फिलहाल, ईरान के इस नए बयान से उन देशों को थोड़ी राहत मिल सकती है जो इस रास्ते पर निर्भर हैं।

प्रमुख खबरें

Nano EV फिर से बनेगी India की शान! एक बयान और अटकलों का दौर

Pakistan Crisis: इमरान खान को रिहा करो वरना भुगतने होंगे नतीजे, PTI की बड़ी चेतावनी, होगा देशव्यापी आंदोलन

झारखंड में ABVP कार्यकर्ताओं की Ranchi में पुलिस से झड़प, विधानसभा अनिश्चितकाल के लिए स्थगित

PM E-Drive Scheme 2028 तक बढ़ी, लेकिन Electric Two-Wheeler पर मिलने वाली Subsidy हुई आधी